बरेली। लालफाटक क्रॉसिंग पर अस्थायी रोड बनाने के लिए एस्टीमेट में फिर से संशोधन होगा। पहले सेतु निगम और पीडब्ल्यूडी के अफसरों ने मिलकर इस अस्थायी रोड के लिए 1.22 करोड़ का एस्टीमेट तैयार किया था, लेकिन रेलवे अफसरों ने यह आपत्ति लगा दी है कि इस अस्थायी रोड पर दोनों क्रॉसिंग के फाटक के शिफ्ट होने का खर्च भी इसी में जोड़ा जाएगा। इसके बाद अस्थायी रोड की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) को संशोधित किया जा रहा है। उधर, एस्टीमेट पास न होने से अस्थायी रोड बनाने का काम भी नहीं शुरू हो पा रहा है।
यहां बता दें कि रेलवे ने इस क्रॉसिंग से यातायात रोके जाने के लिए पत्र एक सितंबर को प्रशासन को भेजा था। बदायूं के लिए यातायात की दिक्कत को देखते हुए प्रशासन ने इस संबंध में पैरवी की, जिसके चलते रेलवे लालफाटक पर ट्रैफिक बंद नहीं कर सका। केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार और कमिश्नर रणवीर प्रसाद की इस मामले को लेकर हुई बैठक में तय हुआ कि क्रॉसिंग के पास 30 मीटर की दूरी पर करीब 320 मीटर लंबा अस्थायी रोड बनाया जाए। प्रशासन ने समन्वय करते हुए इस अस्थायी रोड के लिए 1.22 करोड़ का एस्टीमेट तैयार किया था। इस रोड पर ही रेलवे की दोनों रेलवे क्रॉसिंग को भी शिफ्ट होना है। इस एस्टीमेट को तैयार करने में वैसे ही काफी विलंब हो चुका है, अब रेलवे के अधिकारियों ने यह आपत्ति लगा दी है कि अस्थायी रोड पर दोनों क्रॉसिंग के फाटक भी शिफ्ट होने हैं। इसका खर्च तो इसमें शामिल ही नहीं हुआ है। इसके बाद फाटक शिफ्ट होने के खर्च का आंकलन करते हुए अस्थायी रोड के एस्टीमेेट को फिर से संशोधित किया जा रहा है। इससे पहले भी पीडब्ल्यूडी और सेतु निगम के अधिकारी इस एस्टीमेट को कई बार संशोधित कर चुके हैं। अधिकारियों का कहना है कि संशोधित एस्टीमेट को भेजने और उसके स्वीकृत होने के बाद ही अस्थायी रोड का निर्माण शुरू हो सकेगा।
लालफाटक पर अस्थायी रोड बनाने के लिए सेतु निगम के साथ एस्टीमेट तैयार कर लिया गया था, लेकिन रेलवे को अभी कुछ और खर्च जुड़वाने हैं। इसलिए संशोधित एस्टीमेट तैयार कर शासन को भेजा जाएगा।
-वीएम शर्मा, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी (निर्माण खंड भवन)