शाहजहांपुर की अफसरशाही पर स्वामी चिन्मयानंद की बढ़ती पकड़ भी राजनीतिक तिकड़ी के बीच उठापटक होने की एक वजह बनी। पिछले दिनों एक नेता जी के चहेते डीएम अमृत त्रिपाठी के ट्रांसफर के बाद यह उठापटक काफी चर्चा में रही थी। अमृत त्रिपाठी को हटाकर नया डीएम इंद्र विक्रम सिंह को बनाया गया जिनकी गिनती स्वामी के करीबियों में होती है। डीएम अमृत त्रिपाठी को नेता जी का चहेता माना जाता था लेकिन जब उनका तबादला हुआ तो नेता जी के खेमे को इसकी भनक तक नहीं लगी।