पूरनपुर (पीलीभीत)। छिपकली पड़ा मीट खाने के बाद एक ही परिवार के छह सदस्यों समेत सात लोगों की अचानक तबीयत बिगड़ गई। आनन-फानन में परिजन उन्हें लेकर सीएचसी पहुंचे। वहां आधी रात तक चले इलाज के बाद स्वास्थ्य सुधार होते ही उनकी छुट्टी कर घर भेज दिया। मामला पूरे दिन चर्चा का विषय बना रहा।
कोतवाली क्षेत्र के गांव सबलपुर निवासी रमेश सिंह खेती करते हैं। उनके घर पर शनिवार रात को मीट की सब्जी बनाई गई। घर पर उनके एक रिश्तेदार नवदिया दिनेश गांव निवासी 22 वर्षीय अरुण भी आए थे। मीट की सब्जी बनाते वक्त उसमें छिपकली गिर गई। इसका किसी को पता नहीं लग सका। रात करीब नौ बजे मीट की सब्जी के साथ सभी लोगों ने खाना खाया। इसके बाद बर्तन साफ करने के दौरान नजर उसमें पड़ी छिपकली पर गई तो सबके होश उड़ गए। वहीं मीट खाने वाले रमेश सिंह (60), उनकी पत्नी सुदामा देवी (55), बेटे दीपक (30), दीपक के पुत्र विशाल (8), पवन (6), कमल (3) और रिश्तेदार अरुण की कुछ देर बाद एक-एक कर तबीयत बिगड़ गई। इससे परिवार में खलबली मच गई। परिवार के अन्य सदस्य और ग्रामीण जमा हो गए। आनन-फानन में सभी को सीएचसी ले जाया गया। वहां उन्हें भर्ती कर लिया गया। आधी रात तक इलाज के बाद रविवार तड़के स्वास्थ्य में सुधार हुआ। इसके बाद उनकी सीएचसी से छुट्टी कर दी गई। परिजन उनको घर ले गए।
छिपकली का कंकाल देखकर मीट की सब्जी खाने वालों का जी मिचलाने लगा था। इसके अलावा उनकी कोई हालत खराब नहीं हुई थी। छिपकली का जहर खून से मिलने से थोड़ी दिक्कत आती है, मगर अधिक नुकसान नहीं होता। कभी- कभार पेट खराब होने की स्थिति बन जाती है। इलाज के बाद सभी को घर भेज दिया है। - डॉ. विनीत कुमार, सीएचसी