पीलीभीत। डीएम वैभव श्रीवास्तव नगरपालिका और जिला नगरीय विकास अभिकरण (डूडा) द्वारा बनवाई जा रही इंटरलॉकिंग सड़कों और नालियों के निर्माण में गुणवत्ता की जांच के लिए शुक्रवार को खुद शहर में निकल पड़े। घटिया निर्माण मिलने पर नगरपालिका के जेई की जमकर क्लास लगाई और प्रतिकूल प्रविष्टि के निर्देश दिए।
डीएम ने शुक्रवार दोपहर साईं धाम कॉलोनी में 103 मीटर लंबी इंटरलॉकिंग सड़क और नाली निर्माण को देखा। यह काम 31 जनवरी तक पूरा होना है। मौके पर केवल नाली निर्माण ही मिला। डीएम ने निर्माण में गुणवत्ता की पड़ताल की तो स्तर मानक के अनुरूप नहीं पाया गया। डीएम ने नगरपालिका जेई इंद्रजीत सिंह की क्लास लगाकर उन्हें प्रतिकूल प्रविष्टि के लिए स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश दिए। पीडब्ल्यूडी एक्सईएन हरस्वरूप को ईंट और निर्माण सामग्री की सैंपलिंग कर गुणवत्ता जांच कराने को कहा। अफसरों ने तुरंत ही नमूने भरवा लिए। समय से काम न पूरा न करने पर ठेकेदार के खिलाफ भी कार्रवाई के निर्देश डीएम ने दिए। टेलीफोन एक्सचेंज के पास इंटरलॉकिंग और नाली निर्माण पूरा पाया गया लेकिन इंटरलॉकिंग सड़क में टाइल्स के बीच खाली जगह मिलने पर उसे तत्काल ठीक कराने को कहा। डीएम ने यहां भी निर्माण सामग्री का नमूना लेकर जांच कराने को कहा।
उन्होंने मोहल्ला खुदागंज में डूडा से निर्मित इंटरलॉकिंग सड़क का निर्माण कार्य देखा और इस्तेमाल हुई सामग्री का नमूना भरवाकर जांच कराने के निर्देश दिए। डीएम की इस कार्रवाई से ठेकेदारों में हड़कंप मच गया। निरीक्षण के समय एडीएम देवेंद्र प्रताप मिश्र, ईओ निशा मिश्रा और पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन अनिल कुमार राना भी साथ रहे।