मुहर्रम के दौरान ताजिये निकालने को लेकर बहेड़ी और नवाबगंज में हुईं घटनाओं की जिला प्रशासन मजिस्ट्रेट जांच कराएगा। डीएम पंकज यादव ने मजिस्ट्रेट जांच एडीएम प्रशासन एसपी सिंह को सौंपी है। उन्होंने इन मामलों में लोगों से बयान और साक्ष्य 18 अक्तूबर को मांगें हैं।
12 अक्तूबर को नवाबगंज तहसील के गांव रसूला तालिब हुसैन और बहेड़ी कस्बा तथा तहसील क्षेत्र के गांवों बिहारीपुर, सीकरी और तुलसापुर में मोहर्रम के ताजिये निकालने के दौरान कुछ अराजक तत्वों ने उपद्रव, आगजनी और फायरिंग की थी। दोनों स्थानों पर ताजिये निकालने को लेकर दो पक्षों में तनाव की स्थिति सामने आई। डीएम समेत प्रशासन और पुलिस के कई अधिकारियों ने मौकों पर पहुंचकर स्थिति नियंत्रित की। बमुश्किल माहौल शांत हो पाया। इन मामलों में प्रशासन अब पूरी तरह से अराजक तत्वों पर कार्रवाई के मूड में है, इसीलिए डीएम ने मजिस्ट्रेट जांच के आदेश किए हैं। मजिस्ट्रेट जांच में एडीएम प्रशासन उपद्रव, आगजनी और फायरिंग की घटनाओं में शामिल लोगों को भी चिह्नित करेंगे। एडीएम प्रशासन ने सार्वजनिक नोटिस जारी कर कहा है कि मजिस्ट्रेट जांच में सहयोग के लिए इन घटनाओं के संबंध में कोई भी लिखित या मौखिक साक्ष्य प्रस्तुत करना चाहता है अथवा घटनाओं पर बयान दर्ज कराना चाहता है तो वह 18 अक्तूबर को सुबह 11 बजे कलेक्ट्रेट स्थित उनके कार्यालय में उनसे संपर्क कर सकता है।
नवाबगंज के मोहर्रम बवाल में तीन और गिरफ्तार
नवाबगंज/हाफिजगंज। मोहर्रम पर हुए बवाल को लेकर कार्रवाई करते हुए पुलिस ने शनिवार को मुकदमें में नामजद दो सहित तीन लोगों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने इन्हें हाफिजगंज थाने में बैठा लिया। उधर, केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार और पूर्व एमएलसी केसर सिंह गंगवार ने पुलिस अधीक्षक ग्रामीण से भेंटकर दूसरे पक्ष की रिपोर्ट दर्जकर आरोपियों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की। इन नेताओं ने पुलिस पर एकपक्षीय कार्रवाई का आरोप भी लगाया है।
थाना नवाबगंज के गांव रसूला तालिब हुसैन गांव में मोहर्रम पर ताजिया निकालने को लेकर दो समुदाय के लोग भिड़ गए थे। गांव में फायरिंग व ईंट-पत्थर चल थे। इसमें करीब पच्चीस लोग घायल हो गए थे। एक पक्ष की तरफ से दूसरे पक्ष के 22 लोगों को नामजद करते हुए रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। दूसरे पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज नहीं की। बीती रात गांव रसूला के नामजद सोभाराम और लक्ष्मण प्रसाद पुत्र भूपराम और एक अन्य गोपाल को धान काटते समय खेत से ही पकड़ लिया। इन्हें नवाबगंज के बजाय हाफिजगंज थाने में बैठा दिया गया। इधर, दूसरे पक्ष की रिपोर्ट दर्ज न होने पर केंद्रीय मंत्री संतोष गंगवार और पूर्व एमएलसी केसर सिंह गंगवार के साथ भाजपाइयों ने एसपी देहात से मुलाकात की। उनसे रिपोर्ट दर्ज करने की मांग की गई। इधर, भाजपा नेता भुजेंद्र गंगवार का कहना है कि पुलिस सत्तापक्ष के नेताओं के इशारे पर एकतरफा कार्यवाही कर रही है।
धीरे-धीरे सुधर रहे हालात
गांव में अब माहौल धीरे-धीरे सुधर रहा है। पुलिस बल की मौजूदगी के बीच शनिवार को हल्की चहल-पहल दिखी। घटना के तीन दिन बाद स्कूल खुले, लेकिन बच्चों की संख्या नगण्य रही। प्राथमिक विद्यालय की प्रधानाध्यापिका आभा सक्सेना ने बताया कि सोमवार से परीक्षाएं हैं। स्कूल में बच्चों की आमद कम होने से परीक्षाएं भी प्रभावित होंगी। वहीं, प्राथमिक विद्यालय में पीएसी के ठहराव के कारण कक्षाएं भी जूनियर में ही लग रही हैं। उधर, गांव में अधिकारियों की आमद जारी रही।
पूर्व एमएलसी ने उठाया सवाल
भाजपा नेता व पूर्व एमएलसी केसर सिंह गंगवार ने गांव में अवैध रायफल व तमंचा लहराने वाले युवक की फोटो व वीडियो को छह माह पूर्व का बताए जाने पर सवाल उठाया। आरोप लगाया कि इसी युवक ने कांवड़ यात्रा के दौरान बवाल किया था। इसके पास कोई भी लाइसेंस न होने के बावजूद खुलेआम असलहे लहरा रहा है, लेकिन पुलिस ने अब तक उसके विरुद्ध कार्रवाई नहीं की है।
भीड़ को भड़काने वाला एक और चढ़ा हत्थे
बहेड़ी। पुलिस ने ताजियों के जुलूस के दौरान पीपल का पेड़ काटने की जिद पर अड़े बवालियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश और तेज कर दी है। शेर नगर निवासी एक और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। वीडियो क्लिप में यह भीड़ को उकसाते और धार्मिक नारे लगाते साफ दिखाई दे रहा है। अब तक पुलिस तीन बवालियों को जेल भेज चुकी है।
मोहल्ला लोधीपुर में हुए बवाल के बाद आरोपी घरों को छोड़कर उत्तराखंड में जा छिपे हैं। पुलिस की टीम ने शनिवार को किच्छा, पुलभट्ठा और रुद्रपुर जाकर चिह्नित बवालियों की फोटो उत्तराखंड पुलिस को सौंपते हुए इन्हें गिरफ्तार करने की सिफारिश की है।
शनिवार को गिरफ्तार मोहल्ला शेरनगर निवासी उवैस अहमद को उसी के घर के पास से सामान लेकर भागते हुए गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने उसकी एक वीडियो क्लिप अधिकारियों को भेजी है। इसमें वह बवाल के दौरान हाथ में लोहे की रॉड लेकर युवाओं को भड़काता और धार्मिक नारे लगाता दिखाई दे रहा है। साथ ही पुलिस अधिकारियों के साथ हुई धक्का-मुक्की के दौरान वह भी अभद्रता करता साफ दिखाई दे रहा है। पुलिस इसके खिलाफ रासुका की कार्रवाई करने की तैयारी में जुट गई है।
(फोटो- उवैस अहमद निवासी मोहल्ला शेरनगर के दो फोटो एक साथ हें एक फोटो में बबाल के दौरान धार्मिक नारे लगाते हुए भडका रहा है। दूसरा फोटो गिरफ्तार होने के बाद का है।)
नगर के इन बवालियों की हुई पहचान
पुलिस ने एसएसपी ऑफिस में बवालियों की सूची भेजी है। इन सभी पर 7 क्रिमनल ला, डकैती, आगजनी, धार्मिक भावना भड़काने, पथराव की धाराएं लगी हैं। इनमें इब्राहिम, वसीम ,जावेद , सलीम गैस वाले का पुत्र, मजीद खाद वाले का पुत्र, गुड्डू, वसीम अहमद, फैजुल, फईम अहमद, शारिक, जुनैद, जाकिर, जग्गू के अलावा बीस अन्य की पुलिस अब तक पहचान कर चुकी है। ये सभी बहेड़ी के मोहल्ला मंडी चौक, मीना बाजार, इस्लामनगर, शाहगढ़, तलपुरा, शेरनगर, मोहम्मदपुर और अब्बासनगर के रहने वाले हैं।
दबिश की कमान एएसपी ने खुद संभाली
बहेडी। एएसपी डॉ. सतेश कुमार उस रात बवाल करने वालों को लगातार समझा रहे थे। इस दौरान वह खुद भी अपने मोबाइल से क्लिप बना रहे थे। उन्होंने चिह्नित बवालियों की सूची लेकर दबिश देने वाली टीम का नेतृत्व खुद संभाल लिया है। खासकर रात की दबिश में वह खुद जा रहे हैं। अधिकारियों ने भी उन्हें पूरी छूट देते हुए ठोस कार्रवाई के आदेश दिए हैं।
बिरयानी परोसने वाले के करीब पहुंची पुलिस
लोधीपुर चौराह पर बवाल कर रहे लोगों को बिरयानी बांटने वाले के पुलिस करीब पहुंच गई है। इसमें नगर के युवा वर्ग के लोग शामिल हैं। पुलिस का मानना है कि इनके पीछे नगर के कुछ नामचीन लोगों के नाम भी सामने आ सकते हें। अगर ऐसा हुआ तो इन पर भी संगीन धाराओं में मुकदमे कायम होंगे।