फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bareilly News: ओपन जिम बीमार, झूलों पर पेंग भर रही बदहाली

विज्ञापन
विज्ञापन
गांधी उद्यान में लगे ज्यादातर उपकरण टूटे, फाउंटेन भी बंद, डरा रहे मधुमक्खियों के छत्ते
विज्ञापन

बरेली। सिविल लाइंस इलाके में बना गांधी उद्यान इन दिनों अपनी पहचान बचाने के लिए जद्दोजहद कर रहा है। लोगों को सेहतमंद बनाने के लिए यहां बना ओपन जिम खुद बीमार है। इसके ज्यादातर उपकरण टूटे पड़े हैं। बच्चों के लिए लगाए गए झूले का आधा हिस्सा ही बचा है। जगह-जगह लगे स्पीकर और लाइटें भी टूटी हैं। खुले में झूलते बिजली के तार और मधुमक्खियों के छत्ते लोगों को डरा रहे हैं। शहरवासियों के मनोरंजन के लिए बनाया गया यह स्थल बदइंतजामी का शिकार होकर रह गया है।

पार्क में जगह-जगह बिजली लाइनों के खुले पड़े स्विच बॉक्स कभी भी हादसे का सबब बन सकते हैं। देर शाम टहलने वालों के लिए लगाई गईं लाइटें खराब हैं। कुछ खंभों से बिजली के खुले तार लटक रहे हैं। पानी तक की व्यवस्था नहीं है। यहां लगे फाउंटेन में न तो पानी है, न ही सफाई। अब ये गंदगी का ढेर बन चुके हैं। इनके पाइप भी खराब हो रहे हैं।
विज्ञापन

स्थानीय लोगों का कहना है कि मधुमक्खियों के हमले से पहले भी कई लोग जख्मी हो चुके हैं। कुछ को अस्पताल तक ले जाने की नौबत आ चुकी है। शहरवासियों ने पार्क की दुर्दशा पर आक्रोश जाहिर करते हुए इसमें सुधार की मांग की है।

सुबह-शाम टहलने आने आते हैं अधिकारी
सुबह-शाम पार्क में कई अधिकारी और शहर के नामचीन उद्यमी टहलने आते हैं। पार्क के बाहर अधिकारियों की गाड़ियां कतार में खड़ी दिखती हैं। इसके बावजूद यहां अव्यवस्था फैली हुई है। संवाद
जिम्मेदार नहीं दे रहे ध्यान
रोज पार्क में टहलने आता हूं। पहले भी यहां मधुमक्खियों के हमले से कई लोग जख्मी हुए थे। इसके बावजूद जिम्मेदारों ने कोई ध्यान नहीं दिया। अब भी यहां कई जगह छत्ते लगे हैं, पर कोई इनकी सुध नहीं ले रहा है। - रजनीश गंगवार
सुबह टहलने के लिए पार्क में आना पसंद है, लेकिन यहां पर लाइटों के खुले तार से बारिश के समय करंट लगने का डर रहता है। पहले यहां पानी की व्यवस्था थी, पर अब वह भी बंद हो गई है। इसे ठीक कराना चाहिए । - कीर्ति
विज्ञापन




गांधी उद्यान का ठेका दे रखा है। लाइटों की देखरेख नगर निगम के पास ही है। हाल में कई लाइटों को ठीक कराया गया है। टहलने आने वाले लोगों में से ही कुछ अराजक तत्व इनको खराब कर देते हैं। - संजीव कुमार मौर्य, नगर आयुक्त
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें