बरेली। रमजान के दिनों में शहर से अनुमानित डेढ़ सौ लोग उमरा पर गए हैं। खाड़ी देशों में छिड़ी जंग के कारण दरगाह आला हजरत से काजी-ए-हिंदुस्तान मुफ्ती असजद रजा खां कादरी सहित शहर के करीब डेढ़ सौ लोग वहां फंस गए हैं। हालांकि, उन्होंने जल्द वतन वापसी की उम्मीद जताई है।
इस्राइल-अमेरिका व ईरान के बीच छिड़ी जंग के कारण खाड़ी देशों के हालात बिगड़ गए हैं। उमरा के लिए जाने-आने वालों के लिए आवागमन का प्रमुख केंद्र जेद्दा का अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा बंद है। दुबई, ओमान, कतर के एयरपोर्ट भी बंद हो गए हैं। इससे उमरा पर गए लोगों में चिंता बनी हुई है। इसमें काजी-ए-हिंदुस्तान मुफ्ती असजद रजा खां कादरी, उनकी पत्नी, बेटी और दामाद सलमान हसन खां भी शामिल हैं। उनके परिजन लगातार संपर्क में हैं।
काजी-ए-हिंदुस्तान के छोटे दामाद फरमान हसन खान ने बताया कि मक्का-मदीना में अमन है। लगातार बात हो रही है। उम्मीद है हुकूमत जल्दी कोई इंतजाम करेगी और सब लोग खैरियत के साथ वापस आ जाएंगे। इसी तरह उमरा पर गए स्वालेनगर की रजा कॉलोनी निवासी उवैस रजा खान, सूफी टोला के जुनेद रजा ने भी चिंता जाहिर की। उनके परिचित नासिर कुरैशी ने बताया कि वह लोग मक्का में महफूज लेकिन फिक्रमंद हैं। वतन वापसी के लिए दुआ कर रहे हैं।