डेढ़ साल पहले तबादला होकर आए इन्क्वायरी क्लर्क को सुबह चार बजे रिलीविंग लेटर दिया गया। यही नहीं इन्क्वायरी सुपरवाइजर स्वयं लेटर देने ऑफिस पहुंचे। बाबू के लेटर रिसीव न करने पर अगले दिन दोपहर 12:30 बजे लेटर स्टेशन अधीक्षक को भेज दिया गया।
इन्क्वायरी सुपरवाइजर ललित मोहन जोशी डेढ़ साल पहले मुरादाबाद से ट्रांसफर होकर बरेली जंक्शन पर आए थे। उन्हें इन्क्वायरी ऑफिस में तैनात किया गया। सूत्रों का कहना है कि स्थानीय अधिकारियों से तालमेल न बैठने की रिपोर्ट मिलने पर मुरादाबाद मंडल ने उनका तीन दिन पहले बुलंदशहर स्टेशन तबादला कर दिया। तबादला आदेश मिलने के बाद अधिकारियों को उन्हें रिलीव करने की इस कदर जल्दी थी कि सुबह चार बजे ही इंक्वायरी/रिजर्वेशन सुपरवाइजर रिलीविंग आर्डर लेकर इन्क्वायरी ऑफिस पहुंच गए, जबकि उनकी नाइट ड्यूटी भी नहीं थी। ललित ने रिलीविंग आर्डर रिसीव नहीं किया। इसके बाद दिन में करीब 12 बजे सुपरवाइजर एके शर्मा ने स्टेशन अधीक्षक ओपी मीणा को लेटर रिसीव करा दिया। बाद में ललित ने रिलीविंग आर्डर रिसीव कर लिया और बुलंदशहर के लिए रवाना हो गए।