नगर निगम के नए बोर्ड में 10 पार्षद नामित किए जाएंगे। इसके लिए भाजपाइयों के बीच खींचतान शुरू हो गई है। चुनाव के जरिये बोर्ड में जगह पाने से वंचित रहे लोगों ने बड़े भाजपा नेताओं से संपर्क साधना शुरू कर दिया है, ताकि वे नामित होकर बोर्ड में पहुंच सकें। बताया जा रहा है कि पार्टी उन हारे हुए पार्षद प्रत्याशियों को नामित कर सकती है जो बहुत कम मतों के अंतर से हारे हैं।
बीडीए सदस्याें के लिए भी मारामारी
बीडीए में नगर निगम से चार पार्षद सदस्यों को चुनकर भेजा जाता है। भाजपा के निर्वाचित पार्षदों ने इसके लिए जोड़तोड़ शुरू कर दी है। माना जा रहा है कि भाजपा के 38 निर्वाचित पार्षदों में से बीडीए में भेजे जाने वाले चार पार्षद मेयर के नजदीकी ही चुने जाने हैं। सदन में कोरम पूरा करने के लिए भाजपा को तीन निर्दलीय सभासदों के समर्थन की जरूरत है, सो यह भी माना जा रहा है कि निर्दलीय पार्षदाें को बीडीए में भेजकर भाजपा उनके बूते सदन में कोरम पूरा करने की जुगत करेगी।
बोर्ड की बैठक इसी माह होने की उम्मीद
शपथ ग्रहण समारोह के बाद नगर निगम बोर्ड की पहली बैठक इसी माह 18 से 20 दिसंबर के बीच होने की संभावना है। हालांकि दोनों कार्यक्रमों की तिथि अभी तय नहीं हुई है। पहली बैठक में ही 14 सदस्यीय कार्यकारिणी का चुनाव होना है। कार्यकारिणी सदस्य उप सभापति चुनेंगे।