सीडीओ ने पूछा-गोशाला के पशुओं को क्यों नहीं मिल रहा हरा चारा
बरेली। गोशालाओं में देखभाल के अभाव में पशुओं की मौत हो रही है। इस मामले में पशु पालन विभाग के निदेशक भी नाराजगी जाहिर कर चुके हैं। इस मामले में सीडीओ ने तीन बीडीओ समेत 12 लोगों को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है।
सीडीओ देवयानी ने नवाबगंज, भोजीपुरा व दमखोदा (क्योलडि़या) ब्लॉक के बीडीओ को कारण बताओ नोटिस जारी कर पूछा है कि गोशाला में संरक्षित पशुओं को पर्याप्त मात्रा में हरा चारा क्यों नहीं दिया जा रहा है। गोवंशों की ठीक से देखभाल भी नहीं हो रही है। बीडीओ अपने दायित्वों के प्रति लापरवाही बरत रहे हैं। इसी तरह धौराटांडा, नवाबगंज और क्योलड़िया के पशु चिकित्सा अधिकारियों को भी नोटिस दिया है। महेशपुर शिव सिंह, अधकटा नजराना और मधु नगला के पंचायत सचिव से भी जवाब-तलब किया है। वहीं महेशपुर शिव सिंह और अधकटा नजराना में गोशालाएं स्वयं सेवी संस्थाएं संचालित कर रही हैं। सीडीओ ने इन संस्थाओं से गोशाला में पशुओं के संरक्षण में लापरवाही बरतने पर जवाब मांगा है।
बीमार पशुओं का डॉक्टर ने नहीं किया इलाज
सीडीओ ने मधुनगला प्रधान को भी नोटिस जारी किया है। उनसे पूछा है कि गोशाला में साफ-सफाई क्यों नहीं हो रही है। संरक्षित पशुओं की लॉगबुक पंजिका क्यों नहीं बनाई गई है। हरा चारा, भूसा, चोकर से संबंधित रजिस्टर भी समय से अंकन नहीं हो रहा है। चिकित्सा पंजिका में 30 जुलाई से 13 अगस्त तक के बीच गोशाला के किसी पशु के उपचार संबंधी कोई सूचना दर्ज नहीं है। जबकि, गोशाला में एक-दो नहीं बल्कि सात केयर टेकर नियुक्त हैं, जिसमें एसडीएम के निरीक्षण के समय चार लोग ही मौजूद मिले थे।
मृत गोवंशों का वायरल हो गया था वीडियो
भदपुरा की ग्राम पंचायत मधु नगला की गोशाला में 418 पशु हैं, जबकि पोर्टल पर 350 दर्ज हैं। सीडीओ ने प्रधान को जारी नोटिस में कहा है कि गोशाला में मौजूद पशुओं को पर्याप्त मात्रा में हरा चारा तक नहीं दिया जा रहा है। कई गोवंश के मृत होने से संबंधित वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुए हैं। नवाबगंज के एसडीएम उदित ने बताया कि उन्होंने अभी 14 अगस्त को गोशाला का निरीक्षण किया था, उस दौरान दो गोवंश मृत मिले थे। पांच पशु मरणासन्न अवस्था में थे। संवाद