बरेली। गृहकर वसूली में पिछड़े नगर निगम का कर विभाग लगातार कार्रवाई कर रहा है। इसमें जुर्माना वसूली के साथ प्रतिष्ठानों को सील करने की कार्रवाई शामिल है। बृहस्पतिवार को कर विभाग ने अभियान में नौ दुकानों को सील किया और लगभग 60-70 बकायेदारों को नोटिस जारी किया है। वहीं बीएसएनएल को चार दिन में बकाया जमा करने का वादा करने पर छूट मिली है।
मुख्य कर निर्धारण अधिकारी प्रदीप कुमार मिश्रा ने बताया कि नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य के निर्देश पर बकायेदारों पर बड़ी कार्रवाई की जा रही है। बड़े बकायेदारों पर जोनल प्रभारी कार्रवाई कर रहे हैं। बृहस्पतिवार को जोन एक, दो व तीन में सीलिंग की कार्रवाई हुई है। इसमें कांकर टोला में 1.21 लाख के बकायेदार रईस मियां की एक दुकान, तुलसीनगर में 1.14 लाख की बकायेदार फातिमा मंजिल की चार दुकानें, 1.12 लाख के बकायेदार रामकुमार की दो दुकानें, जखीरा में 1.59 लाख के बकायेदार अब्दुल अजीज की दुकान व प्रेमनगर में 5.54 लाख के बकायेदार सरदार प्रीतम सिंह की दुकान को सील किया गया है। इसमें दुकानदार अब्दुल अजीज की दुकान की सील भुगतान के बाद खोल दी गई।
- अभियान के दौरान 1.90 लाख की वसूली
सीलिंग की कार्रवाई के लिए पहुंची टीम को देख कई बकायेदारों ने हाथोंहाथ कर जमा किया। इससे उनके प्रतिष्ठान सील होने से बच गए हैं। हालांकि कई बकायेदारों ने आधी रकम भी जमा नहीं की, लेकिन उन्हें 31 मार्च तक बची हुई रकम जमा करने की चेतावनी दी गई है। इसमें पशुपति विहार के 1.18 लाख के बकायेदार मोहम्मद फरहान ने 19 हजार, 58 हजार के बकायेदार सर्वेश कुमार ने 30 हजार, 35 हजार के बकायेदार अमित अग्रवाल ने 10 हजार और एजाजनगर के 87 हजार के बकायेदार रईस मियां ने 50 हजार जमा किए हैं।
- 1.98 हजार बकाया बीएसएनएल पर
कर विभाग की ओर से जारी हुई सूचना के तहत 1.98 लाख ब्रह्मपुरा में स्थित बीएसएनएल कार्यालय पर बकाया है। बृहस्पतिवार को कर विभाग की टीम कार्रवाई करने के लिए कार्यालय पहुंची तो कार्यालय में मौजूद अधिकारियों ने समय की मांग की। इस पर विभाग ने उन्हें चार दिन का समय दिया है, चार दिनों में अगर रकम जमा नहीं होती है तो कर विभाग बीएसएनएल कार्यालय पर भी कार्रवाई करेगा। संवाद
विभाग की ओर से लगातार कार्रवाई की जा रही है, सीलिंग और वसूली भी तेजी से हो रही है। नगर आयुक्त के निर्देश के तहत इसमें कोई कोताही नहीं बरती जाएगी। 31 मार्च से पहले शत-प्रतिशत लक्ष्य को पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है। - प्रदीप कुमार मिश्रा, मुख्य कर निर्धारण अधिकारी