पिछले महीने अमेरिका और लंदन की यात्रा करके लौटे मर्चेंट नेवी के कैप्टन के कोरोना संक्रमित निकलने से स्वास्थ्य विभाग की बेचैनी बढ़ गई है। आरटीपीसीआर जांच में प्री और कन्फर्मेटिव दोनों रिपोर्ट पॉजिटिव मिलने के बाद नेवी अफसर को तीन सौ बेड कोविड चिकित्सालय के इंटरनेशनल ट्रेवलर वार्ड में आइसोलेट कर दिया गया है।
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक 23 वर्षीय नेवी अफसर जहाज के साथ पिछले महीने लैटिन अमेरिका गया था जहां से लौटते हुए उसका जहाज करीब तीन घंटे तक लंदन में भी रुका था। भारत में लौटने के बाद एंटीजन जांच में कैप्टन को निगेटिव पाया गया। गाइड लाइन के मुताबिक कैप्टन सात दिन तक दिल्ली में ही क्वारंटीन रहा, उसके बाद 29 नवंबर को बरेली आ गया था। यहां कुछ दिन अपने परिवार के साथ रहने के बाद वह एक शादी समारोह में शामिल होने लखनऊ गया था। पिछले दस दिन से वह फिर बरेली में अपने परिवार के साथ था।
हाल ही में शासन से विदेश से लौटने वालों की जांच के निर्देश जारी होने के बाद उसका सैंपल जांच के लिए भेजने के साथ उसे तीन सौ बेड कोविड अस्पताल में आइसोलेट किया गया। शनिवार देर शाम रिपोर्ट आई तो स्वास्थ्य विभाग में खलबली मच गई। सीएमओ डॉ. विनीत शुक्ल ने बताया कि कोविड अस्पताल में बनाए गए इंटरनेशनल ट्रेवलर वार्ड में नेवी कैप्टन को आइसोलेट किया गया है।
स्ट्रेन की जांच को दिल्ली की लैब में भेजा जाएगा सैंपल
मर्चेंट नेवी का कैप्टन ब्रिटेन समेत कई पश्चिमी देशों में मिली कोरोना की उस स्ट्रेन से तो संक्रमित नहीं है जिसने पूरी दुनिया को दहला रखा है, इसकी जांच के लिए उसका सैंपल दिल्ली की सीएसआईआर लैब में भेजने की तैयारी की जा रही है। आईवीआरआई लैब में इसके लिए उसका एक मिलीलीटर सैंपल प्रिजर्व किया गया है। नेवी अफसर की पत्नी की रिपोर्ट निगेटिव मिली है।