बरेली। मेयर और नगर आयुक्त की ‘लड़ाई’ में बांसमंडी का एक अतिक्रमण नगर निगम के लिए पहाड़ बन गया है। 38 शिकायतों के बावजूद नगर निगम अफसर इसे हिला नहीं सके हैं। मेयर उमेश गौतम ने भी इसको लेकर नगर आयुक्त सैमुअल पॉल एन. को तीन बार लिखा है। तीसरे अनुस्मारक में निगम अफसरों की मंशा पर सवाल उठाते हुए, उन्होंने पूछा है कि अतिक्रमण हटवाएंगे या नहीं।
बांसमंडी के व्यापारी आनंद प्रकाश अग्रवाल का कहना है कि बांसमंडी से तालाब की ओर जाने वाली गली में लकड़ी फैलाकर नगर निगम की जमीन पर अतिक्रमण किया गया है। इस वजह से रास्ता बंद हो गया है। वह डेढ़ साल में 35 बार जनसुनवाई के माध्यम से शिकायतें कर चुके हैं। इस संबंध में मेयर उमेश गौतम ने भी नगर आयुक्त को तीन बार पत्र लिखे लेकिन अतिक्रमण नहीं हटाया गया। नगर आयुक्त को लिखे इस तीसरे पत्र में मेयर ने कहा है कि अतिक्रमण हटवाने के लिए बार-बार बहानेबाजी की जा रही है। कभी पुलिस न होने की बात कही जाती है तो कभी त्योहार का बहाना बनाया जाता है। इस टालमटोल से जनता में पार्टी की छवि धूमिल हो रही है। उन्होंने पूछा है कि यह अतिक्रमण हटाया जाएगा या नहीं, अथवा कब तक हटाया जाएगा।
व्यापारी ने आईजीआरएस पर 35 बार शिकायतें कीं और तीन बार मैंने भी पत्र लिखे लेकिन नगर निगम अफसरों ने अब तक अतिक्रमण नहीं हटवाया है। मैंने नगर आयुक्त से पूछा है कि अतिक्रमण हटवाएंगे या नहीं। - उमेश गौतम, मेयर
अतिक्रमण हटाने की प्लानिंग की गई थी लेकिन फोर्स न मिलने के चलते कार्रवाई नहीं हो सकी। अब इसे हटाने के लिए 15 नवंबर की तिथि निर्धारित कर दी गई है। फोर्स के साथ जाकर अतिक्रमण हटाया जाएगा। - ईश शक्ति सिंह, अपर नगर आयुक्त