इन श्रेणियों को लेना होगा लाइसेंस
- होटल, लॉज, गेस्ट हाउस, बारातघर
- देशी व विदेशी शराब दुकानें, बियर दुकान, बार
- नर्सिंग होम, एक्सरे सेंटर, क्लीनिक, डेंटल क्लीनिक, निजी अस्पताल, पैथोलॉजी लैब
- ठेला, हाथ ठेला, चार पहिया, बैल-भैंसा गाड़ियां, ट्रॉलियां
- आइस फैक्ट्रीज,
- फाइनेंस कंपनीज, चिट फंड
- रिक्शा, थ्री व्हीलर, ऑटो, ई रिक्शा, मिनी बस, बड़ी बस
- बिल्डर्स (रजिस्टर्ड)
नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने बताया कि इस व्यवस्था से शहर में व्यवस्थित और सुरक्षित कारोबारी माहौल बनेगा। नागरिकों को बेहतर सेवाएं मिलेंगी और कर प्रणाली समेत अन्य कार्यों में पारदर्शिता भी बढ़ेगी।