बरेली। शहरवासियों के लिए राहत भरी खबर है। नगर निगम करीब 65 करोड़ रुपये की लागत से शहर की सूरत बदलने की तैयारी में है। 15वें वित्त आयोग के टाइड और अनटाइड फंड के माध्यम से विकास कार्यों को धरातल पर उतारने का खाका तैयार कर लिया गया है।
इस बड़ी योजना को अमलीजामा पहनाने के लिए महापौर ने इसी सप्ताह एक महत्वपूर्ण बैठक बुलाने के निर्देश जारी कर दिए हैं। महापौर उमेश गौतम ने बताया कि शहर के विकास को नई दिशा देने के लिए 15वें वित्त आयोग की बैठक जल्द आयोजित होगी। इस बैठक में 65 से 70 करोड़ रुपये के विकास प्रस्तावों पर अंतिम मुहर लगाई जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि इस धनराशि का मुख्य उद्देश्य शहर की बुनियादी सुविधाओं को सुदृढ़ करना है।
इसमें खराब सड़कों का कायाकल्प, नालियों और बड़े नालों का निर्माण व सफाई, और पेयजल आपूर्ति व्यवस्था में सुधार जैसे कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी। नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने भी बैठक की तैयारियों को लेकर अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।
बजट का उपयोग निर्धारित मानकों के अनुसार किया जाएगा ताकि शहर के अलग-अलग वार्डों में लंबे समय से लंबित समस्याओं का स्थायी समाधान हो सके। जैसे ही इन प्रस्तावों को स्वीकृति मिलेगी, शहर में निर्माण कार्यों की रफ्तार तेज कर दी जाएगी। इस निवेश से न केवल शहर की सड़कों की स्थिति सुधरेगी, बल्कि जलभराव जैसी समस्याओं से भी जनता को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।