बरेली। बिथरी चैनपुर इलाके में एक एमआर ने ऐनीवेट फाॅर्मा कंपनी का 9.53 लाख रुपये गबन कर गया। जब भी उसका लेनदेन चेक किया गया तो उसने यह लिखकर दिया कि वह जल्द ही रुपये जमा कर देगा, लेकिन उसने रुपये जमा नहीं किए। डायरेक्टर से गालीगलौज कर दी और जान से मारने की धमकी दी।
हरिनगर कॉलोनी निवासी धर्मवीर वर्मा का कहना है कि वह ऐनीवेट फार्मा इंडिया प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के डायरेक्टर हैं। उनकी कंपनी में बिचपुरी निवासी रामचंद्र शर्मा एमआर था। वह डॉक्टर और मेडिकल स्टोरों पर नकद व उधार दवा ले जाकर सप्लाई करता था। 17 अप्रैल 2024 को जब उसका खाता चेक किया गया था, तो उसके ऊपर 1,69,591 रुपये निकले। उसने लिखकर दिया कि वह एक माह में भुगतान कर देगा। वह कंपनी में काम करता रहा, लेकिन उसने एक माह बाद भी रुपये जमा नहीं किए। दो अक्तूबर को फिर से उसका खाता चेक किया गया। तब उसके ऊपर 6,30,947 रुपये उधार हो गए। उसने फिर लिखकर दिया कि वह जल्द ही रुपयों को जमा कर देगा। अब तक उसके ऊपर 9,53,127 रुपये उधार हो चुके थे। वह रुपया जमा नहीं करना चाह रहा था। जब 22 अक्तूबर को डायरेक्टर ने उससे रुपये जमा करने को कहा तो उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई। पुलिस ने रिपोर्ट दर्जकर उसकी तलाश शुरू कर दी है। संवाद