.बरेली। फरीदपुर और दातागंज को जोड़ने के लिए रामगंगा नदी पर पुल बनवाने से पहले मॉडल स्टडी नहीं कराई गई। संपर्क मार्ग के दोनों ओर सुरक्षा दीवार नहीं होने से वह पहली बाढ़ में ही बह गया। मामले की प्रारंभिक जांच में ये तथ्य सामने आए हैं। अगर अभियंताओं ने पुल के संपर्क मार्ग को नदी के बहाव से बचाने के लिए सुरक्षात्मक दीवार बनाई तोती तो पुल हवा में नहीं लटकता। विस्तृत जांच में परियोजना के हर पहलू को खंगाला जाएगा।
एक अभियंता ने बताया कि अगर पुल के निर्माण से पहले नदी के बहाव की मॉडल स्टडी कराई गई होती तो हो यह हाल नहीं होता। अधीक्षण अभियंता केके सिंह का कहना है कि विस्तृत अध्ययन के बाद ही पुल बना था। नदी का रुख अचानक बदलने से संपर्क मार्ग बह गया था। अमर उजाला ब्यूरो