दसवीं का परिणाम
काउंसिल फॉर द इंडियन स्कूल सर्टिफिकेट एग्जामिनेशन के दसवीं (आईसीएसई) में इस बार भी बाजी हार्टमैन कॉलेज के छात्र ने मारी है। हार्टमैन के सक्षम मेहरा ने 98 फीसदी अंकों के साथ जिले में पहला स्थान हासिल किया है। उन्होंने यह मुकाम कंप्यूटर में 100, गणित में 99 और साइंस में 98 अंक हासिल करते हुए पाया है। दूसरे स्थान पर भी हार्टमैन का कब्जा है। चिराग कौशिक और आयुष संयुक्त रूप से 97 फीसदी अंकों के साथ दूसरे स्थान पर रहे। दोनों ने कंप्यूटर में सौ में सौ अंक हासिल किए हैं। वहीं चिराग और आयुष ने गणित में भी एक समान अंक हासिल किए हैं। इसमें दोनों ने 99-99 अंक पाए हैं। तीसरे स्थान पर इस बार गिरीश प्रसाद मेमोरियल कॉलेज के छात्र ने कब्जा किया है। सार्थक गंगवार ने 94.6 फीसदी अंकों के साथ यह मुकाम हासिल किया है। सार्थक ने गणित, इतिहास और अर्थशास्त्र में 99-99 अंक हासिल किए हैं।
पिछले साल मंडल में दूसरा स्थान हासिल करने वाली सेंट मारिया की छात्राएं इस बार पिछड़ गईं। पिछले साल 98 फीसदी अंक पाकर सेंट मारिया की आयुषी बंसल दूसरे स्थान पर रही थीं। इस बार स्कूल टॉपर इशिता गुप्ता 96 फीसदी ही अंक हासिल कर पाईं और जिले में चौथा स्थान पाया। जिले के छह कॉलेजों से इस बार आईसीएसई में 2500 छात्र शामिल हुए थे, जिसमें करीब पचास फीसदी छात्राएं थीं।
टॉपर्स के अंकों में इस बार गिरावट
दसवीं के टॉपर्स के अंकों में इस बार गिरावट आई है। पिछले साल हार्टमैन के शेखर कालरा 98.6 फीसदी अंकों के साथ टॉपर बने थे, इस बार टॉपर सक्षम मेहरा के 98 फीसदी अंक हैं यानी इस बार टॉपर को 0.6 फीसदी कम अंक मिले। दूसरे स्थान पर पिछले साल सेंट मोरिया की आयुषी बंसल के 98 फीसदी अंक थे, इस बार सेकेंड टॉपर के 97 फीसदी अंक हैं यानी इसमें भी एक फीसदी अंकों में गिरावट आई है। तीसरे स्थान की बात करें तो पिछले साल 97.4 फीसदी अंकों के साथ हार्टमैन की वर्निका थीं। इस बार तीसरे स्थान के टॉपर के 94.6 फीसदी अंक ही आए। यानी तीसरे स्थान के अंकों में भी तीन फीसदी की गिरावट आई है। पिछले साल आठ छात्रों ने 97 फीसदी से अधिक अंक हासिल किए थे। इस बार महज तीन छात्र ही यह आंकड़ा छू सके हैं। टॉप टेन में पिछले साल 96.8 फीसदी से ऊपर वाले छात्र शामिल थे। इस बार टॉप टेन में 95.8 फीसदी से ऊपर वाले छात्र शामिल हैं। इस बार ओवरआल परिणाम भी गिरा है।
पिछले साल के मुकाबले इस बार दसवीं और बारहवीं दोनों के ही रिजल्ट में गिरावट आई है। टॉप टेन छात्रों के अंकों में भी गिरावट देखने को मिल रही है।
- हरमन मिंज, रीजनल कोआर्डिनेटर