अभियोजन पक्ष ने दीं ये दलीलें
अपर शासकीय अधिवक्ता ने तर्क दिया कि मौलाना तौकीर रजा ही बवाल का मास्टरमाइंड है। उसने 19 सितंबर से 26 सितंबर 2025 तक के घटनाक्रम में सक्रिय भूमिका निभाई। उसने कई जगह जाकर सभाएं कीं और लोगों को जुमे के दिन शहर में जुटाकर बवाल करने के लिए उकसाया। बवाल के बाद धन्यवाद ज्ञापन के लिए वीडियो जारी किया गया, जो पुलिस के पास है। इससे साबित होता है कि मौलाना तौकीर रजा ही मुख्य षड्यंत्रकारी रहा है। हालांकि उसका नाम प्रथम सूचना रिपोर्ट में सीधे दर्ज नहीं था, लेकिन एफआईआर के अंदरूनी विवरण में नाम सामने आया था। इसके बाद पुलिस ने मौलाना तौकीर रजा को गिरफ्तार किया था।
बवाल के एक आरोपी को मिली अग्रिम जमानत
बरेली के अपर सत्र न्यायाधीश अमृता शुक्ला ने शहर में 26 सितंबर 2025 को हुए बवाल के मामले में आरोपी बारादरी थाना क्षेत्र के चक महमूद अब्बास नगर निवासी साजिद उर्फ साजिद सकलैनी की अग्रिम जमानत याचिका स्वीकार कर ली है।
प्रेमनगर थाने में 26 सितंबर को उप निरीक्षक प्रमोद कुमार ने बलवा, जानलेवा हमला, हिंसा आदि धाराओं में प्रेमनगर निवासी इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल के अल्तमस, अशरफ खां छावनी क्षेत्र के राशिद खां, शाहबाद क्षेत्र के मोहसिन अख्तर, शहनवाज, कामरान, अख्तर खां, इरफान, शहजाद, इमरान, शादाब फाजिल, अमन कुरैशी, आशिफ रजा, इम्तियाज अली, इमरान, मुशीर आलम, फिरोज हुसैन, अनवर हुसैन, आशिफ और 200 अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। विवेचना के दौरान साजिद का नाम भी प्रकाश में आया।
आरोपी ने वकील के जरिये जमानत अर्जी दाखिल की थी। सुनवाई के बाद कोर्ट ने आरोपी को एक लाख रुपये के बंध पत्र पर अग्रिम जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया है।