आठ अप्रैल को जिला जज की अदालत में इस केस की सुनवाई थी, लेकिन मौलाना हाजिर नहीं हुए। इससे पहले पुलिस मौलाना के घर पर धारा 82 के तहत कुर्की का नोटिस चस्पा कर चुकी है। अदालत की तरफ से इस मामले में चार आरोपियों मौलाना तौकीर, अबरार, आरिफ व वसीम के खिलाफ गैरजमानती वारंट जारी किए गए थे। इनमें मौलाना को छोड़कर तीनों अन्य आरोपी जेल जा चुके हैं।
हाईकोर्ट ने पेश होने का दिया था आदेश
मौलाना के सामने भी गिरफ्तारी की तलवार लटक रही थी। मौलाना राहत पाने के लिए हाईकोर्ट गए थे। हाईकोर्ट ने उन्हें सेशन कोर्ट में हाजिर होने का आदेश दिया था। राहत न मिलने पर मौलाना सुप्रीम कोर्ट चले गए थे। अधिवक्ता ऐश्वर्य पाठक ने बताया कि नोटिस जारी होने के बाद राज्य सरकार अब सुप्रीम कोर्ट में अपना जवाब दाखिल करेगी। अगली सुनवाई की तारीख भी जल्द ही नियत होने की उम्मीद है।
आईएमसी के मीडिया प्रभारी मुनीर इदरीसी ने बताया कि आईएमसी प्रमुख मौलाना तौकीर रजा खां सुप्रीम कोर्ट का आभार प्रकट करते हुए फैसले का सम्मान करते हैं। उनकी तबीयत पहले से बेहतर है। डाक्टरों ने आराम करने की सलाह दी है। शीघ्र ही वह बरेली आकर सभी से मुलाकात करेंगे।