बरेली में यातायात पुलिस के एक टीएसआई ने कथित पत्रकार अमल सैनी और उसके दो-तीन अज्ञात साथियों के खिलाफ ब्लैकमेलिंग और अवैध वसूली का आरोप लगाते हुए कोतवाली में मामला दर्ज कराया है। शिकायत में कहा है कि अमल व उसके दोस्त पुलिसकर्मियों से हर महीने रुपये की मांग करते थे। रुपये न देने पर फर्जी तस्वीरें और भ्रामक पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देते थे।
टीएसआई जसपाल सिंह ने एसएसपी अनुराग आर्य को दिए पत्र में बताया कि अमल सैनी खुद को 'जनता की सोच' चैनल का पत्रकार बताता है। वह अपने साथियों के साथ उनके ड्यूटी पॉइंट पर पहुंचता था। सैनी पुलिसकर्मियों से कहता था कि रुपये देने पर अच्छी तस्वीरें सोशल मीडिया पर डाली जाएंगी। रुपये न देने पर वह जाम की फर्जी तस्वीरें बनाकर वायरल करने की धमकी देता था।
जसपाल सिंह ने रुपये देने से मना कर दिया। इसके बाद अमल सैनी और उसके साथियों ने ईसाइयों की पुलिया की एआई से बनाई गई फोटो पोस्ट की। उसने पुलिस वाहन चेकिंग में अवैध वसूली के आरोप लगाकर भ्रामक पोस्ट भी डालीं। इन पोस्ट का उद्देश्य पुलिस की छवि खराब करना था। एसएसपी के आदेश पर कोतवाली में अमल व उसके साथियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है।