फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

महाकुंभ मेला ड्यूटी : चालक, परिचालकों के भुगतान में घपला, आरएम ने बनाई जांच कमेटी

विज्ञापन
विज्ञापन
बरेली। प्रयागराज महाकुंभ में एक माह तक ड्यूटी करने वाले रोडवेज के 80 चालक-परिचालकों के भुगतान में घपला सामने आया है। जिन चालक, परिचालकों ने 30-35 दिन तक नियमित ड्यूटी की उनके स्थान पर ऐसे चालक, परिचालकों को महाकुंभ भत्ते का भुगतान कर दिया गया जिन्होंने चार-छह दिन ही ड्यूटी की। कुछ चालकों ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर की तो रुहेलखंड डिपो के एआरएम अरुण कुमार वाजपेयी ने उनको धमकाया और ड्यूटी से रोक दिया। मामला संज्ञान में आने के बाद आरएम दीपक चौधरी ने एआरएम फाइनेंस राम अग्रवाल की अध्यक्षता में जांच कमेटी गठित की है।
विज्ञापन

प्रयागराज महाकुंभ का आयोजन जनवरी और फरवरी में हुआ था। बरेली परिक्षेत्र की 500 से ज्यादा रोडवेज बसों की ड्यूटी भी महाकुंभ में लगाई गईं थीं। इनके चालक, परिचालकों को नियमित 30 दिन ड्यूटी करने पर 10 हजार रुपये तक का भुगतान दिया जाना था। स्थानीय स्तर पर अधिकारियों ने इसमें भी खेल कर दिया। नियमित 30-35 दिन तक ड्यूटी करने वाले चालक-परिचालकों के नामों की सूची ही मुख्यालय नहीं भेजी। इनके स्थान पर ऐसे चालक, परिचालकों को भुगतान करा दिया जिन्होंने नियमित ड्यूटी नहीं की। रुहेलखंड डिपो के संविदा चालक महेश ने इसकी शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर दर्ज कराई तो अधिकारी भड़क गए।
महेश का कहना है कि उनको एआरएम अरुण कुमार वाजपेयी ने अपने कार्यालय में बुलाकर धमकाया और बदसलूकी करने के साथ ड्यूटी से रोक दिया। अन्य चालक, परिचालकों को भी धमकाया गया। आरएम दीपक चौधरी का कहना है कि एआरएम फाइनेंस राम अग्रवाल को जांच सौंपते हुए एक सप्ताह में रिपोर्ट मांगी गई है। सभी चालक, परिचालकों का भुगतान कराया जाएगा। अगर किसी स्तर पर लापरवाही या गड़बड़ी हुई है तो कार्रवाई की जाएगी। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें