बरेली। इज्जतनगर थाना क्षेत्र के रहपुरा चौधरी निवासी सारिफ खान को सऊदी अरब में चालक की नौकरी दिलाने का झांसा देकर पांच लाख रुपये ठग लिए गए। आरोप है कि युवक को वहां बंधक बनाकर भेड़-बकरियां चराने और सफाई का काम कराया गया। सारिफ के पिता अली खान ने एसएसपी से शिकायत की तो आरोपी एजेंट शादाब और उसके साथियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
अली खान ने एसएसपी को बताया कि उनके बेटे सारिफ की मुलाकात तीन-चार महीने पहले स्वालेनगर निवासी शादाब से हुई थी। उसने सारिफ को सऊदी में चालक की नौकरी और 1500 रियाल मासिक वेतन दिलाने का झांसा दिया। कागजी कार्रवाई के नाम पर शादाब ने शुरुआत में 2.21 लाख रुपये लिए और तीन अगस्त को सारिफ को रियाद भेज दिया। वहां पहुंचने के बाद उसे एक फार्म हाउस में ले जाकर बंधक बना लिया गया। वहां उससे भेड़-बकरियां चरवाई गईं और साफ-सफाई का काम कराया गया।
सारिफ ने पिता को अपनी परेशानी बताई। अली खान ने शादाब से शिकायत की तो उसने चालक की नौकरी दिलवाने के लिए दोबारा 2.84 लाख रुपये मांगे। परिवार ने रिश्तेदारों से लेकर यह रकम भी शादाब को दे दी। इसके बावजूद सारिफ को नौकरी नहीं मिली और उसे बंधक बनाकर काम कराया जाता रहा। करीब एक महीने बाद सारिफ ने खुद ही रुपये का इंतजाम किया और तीन सितंबर को वह भारत लौट आया।
भूखा-प्यासा रखा, रुपये मांगने पर धमकाया
भारत लौटने पर सारिफ ने बताया कि उससे नौकरों की तरह सफाई का काम कराया गया। उसे पर्याप्त खाना व खर्च भी नहीं दिया गया। अली खान ने जब शादाब से रुपये वापस मांगे तो उसने जान से मारने की धमकी दी। अली खान ने बताया कि उन्होंने 10 सितंबर को भी शिकायत की थी। अब दोबारा एसएसपी से शिकायत के बाद इज्जतनगर थाने में आरोपी और उसके साथियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। एएसपी शिवम आशुतोष सिंह ने बताया कि जांच कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
सऊदी में नौकरी का झांसा देकर 2.40 लाख की ठगी
एसएसपी के आदेश पर दो लोगों के खिलाफ रिपोर्ट
हाफिजगंज। सऊदी अरब में नौकरी का झांसा देकर युवक से 2.40 लाख की ठगी का मामला प्रकाश में आया है। एसएसपी अनुराग आर्य के निर्देश पर पुलिस ने दो लोगों रिजवान व इमरान के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
गांव कुंवरपुर बंजरिया निवासी यासीन ने रिपोर्ट में जिक्र किया है कि गांव के ही परिचितों ने मुंबई स्थित एक कार्यालय से पहचान बताकर सऊदी अरब में बकरी व भेड़ चराने की नौकरी और 1500 रियाल मासिक वेतन दिलाने का झांसा दिया। आरोप है कि वीजा और टिकट के नाम पर 1.20 लाख रुपये लेकर उन्हें सऊदी भेज दिया गया। यासीन के अनुसार, सऊदी पहुंचने पर उसे बताई गई नौकरी और वेतन नहीं मिला।
आरोप है कि वहां उसके साथ पिटाई और अत्याचार किया गया। भारत वापस लाने के लिए उसके बेटे शाहिद ने संपर्क किया। आरोपियों ने करीब 1.20 लाख रुपये और मांगे। यह रकम कार्यालय के क्यूआर कोड के माध्यम से ऑनलाइन भेजी गई। आरोप है कि 27 दिसंबर 2025 को मुंबई में नोटराइज्ड एग्रीमेंट भी किया गया, इसके बाद भी उन्हें भारत नहीं बुलाया गया। बाद में उसे सऊदी पुलिस की मदद से आठ अगस्त को मुंबई भेज दिया गया। सीओ नवाबगंज नीलेश मिश्रा ने बताया कि यासीन की तहरीर पर रिजवान व इरफान के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है, विवेचना की जा रही है।