माता-पिता जिसे डोली में बिठाकर विदा करने की तैयारी कर रहे थे, वही बेटी बेइज्जती के हालात पैदाकर प्रेमी के साथ चली गई। ऐसे में लड़की की छोटी बहन ने सबको संभाला। उसने तय किया कि अपने माता-पिता की इज्जत से खिलवाड़ नहीं होने देगी। पंचायत में फैसला सुना दिया कि दीदी की जगह वह डोली में बैठने को तैयार है। बात लड़केवालों तक पहुंची तो वे भी तैयार हो गए। इसके बाद धूमधाम से बारात आई और उसे विदा करा ले गई।
गांव बीजामऊ की एक किशोरी का रिश्ता परिवारवालों ने खुशी से तय किया। घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं। 3 मई को लड़कीवालों को लगुन लेकर जाना था। घरवाले लगुन का सामान खरीदने बाजार गए थे। इसी दौरान लड़की मौका देखकर अपने प्रेमी के साथ फरार हो गई। जब घरवाले खरीदारी कर गांव लौटे तो लड़की को गायब देख परेशान हो उठे। उसे काफी तलाशा गया पर कोई पता नहीं चला। बाद में जानकारी मिली कि वह अपनी ननिहाल के एक दूसरे समुदाय के युवक के साथ चली गई है। युवक जयपुर में कारचोबी का काम करता है। छह मई को बारात आनी थी। ऐसे में लड़की वालों की सांसें अटक गई कि अब क्या होगा। बिरादरी की पंचायत बुलाकर सारी बात सामने रखी गई। इसके बाद अचानक लड़की की छोटी बहन सामने आई। उसने कहा कि माता-पिता का सिर नीचा नहीं होने देगी। बहन की जगह वह डोली में बैठने को तैयार है। फिर क्या था पंचायत ने तय कर दिया कि बारात तो आएगी और दुल्हन भी जाएगी। लड़की की छोटी बहन को डोली में बिठाकर विदा किया जाएगा। लड़केवालों को भी सारी जानकारी देकर माफी मांगी गई। काफी समझाने पर लड़के वाले भी तैयार हो गए। शनिवार को गांव में बारात आई और लड़की की छोटी बहन को राजी-खुशी विदा कर दिया गया। वहीं, मामला दो समुदायों के बीच का होने की वजह से गांव में तनाव की स्थिति है। हाफिजगंज थानाध्यक्ष रकम सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज हो चुकी है। किशोरी की लोकेशन जयपुर में मिली है। जल्द ही उसका पता भी लग जाएगा। वहीं, ग्रामीणों के मुताबिक, पुलिस ने किशोरी को बरामद कर लिया है और मामले को छिपाने का प्रयास कर रही है।