बरेली। पंचायत चुनावों में गांव के मतदाताओं को लुभाने के लिए या यूं कहे कि उनके गुस्से से बचने के लिए सपा सरकार ग्रामीणों को ज्यादा बिजली देने की तैयारी में है। बरेली मंडल की सभी प्रमुख तहसीलों में अतिरिक्त उपकेंद्रों का निर्माण कार्य पूरा हो गया है। साथ ही पोषक लाइन, नये ट्रांसफार्मर और क्षमता वृद्धि कार्य तेजी से चल रहा है। नलकूपों पर खराब ट्रांसफार्मर बदले जा रहे हैं। ग्राम पंचायत चुनाव प्रक्रिया अगले माह शुरू होने जा रही है। इसके साथ ही आचार संहिता लागू होगी।
बरेली की नवाबगंज, फरीदपुर, आंवला, मीरगंज तहसीलों में अतिरिक्त उपकेंद्र तैयार हो गए हैं। गांवों और नलकूपों पर लगे खराब ट्रांसफार्मर बदलने के निर्देश दिए गए हैं। जोनल चीफ इंजीनियर वीके शर्मा ने कहा है कि सभी नलकूप हर हाल में चलते मिलने चाहिए। साथ ही गांवों में ज्यादा क्षमता वाले ट्रांसफार्मर दिए जा रहे हैं। गांवों में 10 और 25 केवीए क्षमता वाले ट्रांसफार्मर लगे हैं। खराब होने पर सीधे 63 केवीए ट्रांसफार्मर लगाने को कहा गया है।
जिले में अभी तक घोषित रूप से दस घंटे सप्लाई दी जा रही है। अगले माह से दो से चार घंटे तक सप्लाई बढ़ाई जानी है। बदायूं के कुंवर गांव और बिनावर जैसे छोटे इलाकों में पिछले सप्ताह उपकेंद्र क्षमता 15 एमबीए तक कर दी गई है।
वर्जन
‘गांवों में इस समय सिंचाई के लिए पानी चाहिए, इसलिए नलकूपों पर लगे खराब ट्रांसफार्मर बदलना पहली प्राथमिकता है। सरकार गांवों में ज्यादा सप्लाई देना चाहती है। इसके लिए नेटवर्क तैयार किया जा रहा है। अगले वर्ष से शहरों में 24 घंटे सप्लाई देने की योजना है।’
- तारिक वारसी, एसई, ग्रामीण।