कई स्थानों पर लगाए थे पिंजरे
वन विभाग की टीम कई दिनों से इलाके में निगरानी कर रही थी। तेंदुए की मौजूदगी को देखते हुए विभिन्न स्थानों पर पिंजरे लगाए गए थे। अभियान के दौरान तेंदुआ पिंजरे में कैद हो गया, जिसके बाद वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और उसे सुरक्षित कब्जे में ले लिया।
क्षेत्रीय वनाधिकारी भूपेंद्र चौधरी ने बताया कि तेंदुए की लगातार निगरानी की जा रही थी और कई स्थानों पर पिंजरे लगाए गए थे। उन्होंने बताया कि एक महीने के भीतर यह तीसरा तेंदुआ पकड़ा गया है। तेंदुए का मेडिकल परीक्षण कराया जाएगा और उच्च अधिकारियों के निर्देश के बाद उसे सुरक्षित स्थान पर छोड़ा जाएगा।