बरेली। आबकारी विभाग ने शराब की दुकानों को एक सप्ताह के अंदर पिछले वित्तीय वर्ष का स्टॉक क्लियर करने का आदेश दिया है। यानी लोगों को दस मई तक ही पुराने रेट पर शराब और बीयर मिलेगी। इसके बाद नए प्रिंट रेट लागू होंगे। हालांकि ओवररेटिंग की शिकायतें सोमवार से ही आने लगीं।
जनता कर्फ्यू लागू होने के बाद 22 मार्च को शराब और बीयर की दुकानें बंद हो गई थीं, लिहाजा पिछले वित्तीय वर्ष के नौ दिन का स्टॉक लाइसेंसधारक नहीं निकाल पाए थे। इस वजह से राजस्व भी प्रभावित हुआ था। इसी कारण आबकारी विभाग ने पुराना स्टॉक क्लियर करने के लिए दुकानों को एक सप्ताह का समय देने का फैसला लिया। अगले सप्ताह तक सभी दुकानों को पुराने प्रिंट रेट पर शराब बेचनी होगी।
जिस अस्पताल में कोरोना संक्रमित, उसके पड़ोस में जुटी राशन कार्ड के लिए भीड़
बरेली। रामपुर बाग के जिस अस्पताल में फरीदपुर की महिला को कोरोना संक्रमित पाया गया, उसके पड़ोस में एक दुकान पर सोमवार को राशनकार्ड बनवाने के लिए भीड़ लगी रही। संक्रमण का खतरा होने के बावजूद लोग राशन कार्ड के लिए मारामारी करते रहे।
फरीदपुर की संक्रमित महिला को लेने सुबह करीब दस बजे सरकारी एंबुलेंस रामपुर बाग के एक अस्पताल में पहुंची थी। इनके साथ पीपीई किट पहने डॉक्टरों और पैरामेडिकल स्टाफ की टीम थी। अस्पताल के स्टाफ में यह दहशत साफ दिखाई दी कि कहीं कोई और संक्रमण का शिकार न हो गया हो। इस बीच पड़ोस की एक दुकान में नए राशन कार्ड बनवाने और पुराने राशन कार्ड सही कराने को लेकर भीड़ लगी थी। यहां दूर तक पुलिस नहीं थी।