बीते चार महीनों से घंटों लेट चल रहीं ट्रेनों ने इस साल टूरिस्ट स्पेशल ट्रेेनों का संचालन रोक दिया है। गर्मियां बीतने को हैं लेकिन आईआरसीटीसी ने टूरिस्ट ट्रेन चलाने की घोषणा नहीं की है, जबकि लोगों को हर साल टूरिस्ट ट्रेनों का बेसब्री से इंतजार रहता है। यहां बता दें कि अब तक इस साल मुरादाबाद मंडल से कोई भी टूरिस्ट ट्रेन नहीं गुजरी है।
आईआरसीटीसी हर साल साउथ इंडिया के मंदिर, श्रीलंका, थाईलैंड घुमाने के लिए टूरिस्ट ट्रेनें चलाती है। बच्चों की छुट्टियों के चलते यह ट्रेनें गर्मियों में चलती हैं। किराया भी कम होता है और एक ही ट्रिप में लोगों को परिवार समेत काफी कुछ घूमने को मिल जाता है। इस साल रूटीन ट्रेनें घंटों लेट चलने से आईआरसीटीसी टूरिस्ट ट्रेन चलाने की हिम्मत नहीं जुटा सका है। इसका एक कारण यह भी है कि टूरिस्ट ट्रेन में आईआरसीटीसी एक यात्री से करीब दस हजार रुपये का टूर पैकेज देता है जिसमें खाना, नाश्ता, ठहराना आदि होता है, यही नहीं जहां ट्रेन नहीं जाती है, वहां के लिए बसों की व्यवस्था भी करता है।
सूत्रों का कहना है कि ब्लॉक, कॉशन और अन्य कारणों से ट्रेनें घंटों लेट चल रहीं हैं। ऐसे में टूरिस्ट स्पेशल ट्रेन अगर घंटों के लिए रोक दी गई तो यात्रियों को अतिरिक्त खाना पीना और नाश्ता देना होगा, जिससे आईआरसीटीसी के लिए ट्रिप घाटे का सौदा साबित हो सकता है, इसी के चलते अब तक कोई टूरिस्ट ट्रेन चलाने की घोषणा नहीं की गई है।