बरेली। सिल्ट में दबकर युवक की मौत के मामले में नगर निगम की जांच शुरू नहीं हो सकी। नगर आयुक्त ने इसके लिए पांच दिन का मौका दिया है, लेकिन पहला दिन खाली रहा। मुख्य अभियंता बैठक के लिए लखनऊ गए हैं। वहीं, मृतक के परिजनों का कहना है कि घटना के 24 घंटे बाद भी नगर निगम की ओर से किसी ने उनसे हकीकत जानने का प्रयास नहीं किया।
सतीपुर कब्रिस्तान के निकट शुक्रवार को नाला सफाई के बाद सिल्ट पेड़ की छांव में सो रहे सुनील कुमार प्रजापति के ऊपर डाल दी गई थी। इससे उनकी मौत हो गई थी। इसके बाद नगर आयुक्त ने उप नगर आयुक्त पूजा त्रिपाठी और मुख्य अभियंता मनीष अवस्थी को जांच कर रिपोर्ट देने के आदेश दिए हैं।
इधर, सुनील कुमार के पिता गिरवर सिंह ने कहा कि ठेकेदार की लापरवाही से उनके बेटे की जान गई, पर अभी तक न तो मदद मिली, न ही कोई अधिकारी हमसे हमदर्दी जाहिर करने आया। उधर, सपा पार्षद दल के नेता गौरव सक्सेना ने सुनील के परिजनों से मुलाकात की। उन्होंने मुआवजा और परिवार में किसी एक व्यक्ति को नगर निगम में सरकारी नौकरी दिए जाने की मांग की है।
नगर स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. भानुप्रकाश ने सभी सफाई निरीक्षकों से कहा कि सिल्ट डंपिंग ग्राउंड में ही फेंकी जाए। अन्यथा ठेकेदार व संबंधित सफाई निरीक्षक पर कार्रवाई होगी। सतीपुर मामले में भी ठेकेदार को नोटिस दिया है। जांच रिपोर्ट के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। ब्यूरो