बरेली। मुख्यमंत्री ग्रीन रोड इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट (सीएम ग्रिड) योजना के तहत फेज-01 में बिछाई जा रही सीवर लाइन को एसबैंड की जगह सीधा बिछाने के लिए कार्यदायी संस्था से कहा गया है। फर्म की ओर से भी लाइनों को शिफ्ट करने का हवाला दिया गया है।
इस प्रोजेक्ट में कई जगह गड़बड़ियां हैं। सीवर लाइन एसबैंड की तरह डाली जा रही है। सड़क को बीच में खोदकर दूसरी लाइन से जोड़ा जा रहा है। यही नहीं जहां योजना लागू भी नहीं होती, वहां के मैनहोल को भी सीवर से जोड़ दिया गया है।
इसको लेकर अमर उजाला ने बृहस्पतिवार के अंक में खबर प्रकाशित की। इसका संज्ञान लेकर मुख्य अभियंता ने कार्यदायी संस्था से बातचीत की। फर्म ने कहा कि लाइनों को शिफ्ट करना पड़ेगा, जगह की कमी भी है। फर्म का पक्ष जानने के बाद मुख्य अभियंता ने सीधी लाइनें बिछाने के लिए ही कहा ताकि भविष्य में परेशानी न आए।
मेयर ने भी सुधार के दिए निर्देश
इस प्रकरण का मेयर उमेश गौतम ने भी संज्ञान लिया है। उन्होंने बताया कि काम को लेकर कई जगह से शिकायतें मिल चुकी हैं। उन्होंने मुख्य अभियंता समेत अन्य अधिकारियों को मौके पर जाकर निरीक्षण कर व्यवस्थाओं को दुरूस्त करने के निर्देश दिए हैं। कहा कि नक्शे के मुताबिक ही निर्माण कराया जाए। कहा कि वह निरीक्षण भी करेंगे।
दस्तावेजों में भिन्नता की वजह से गेट का ध्वस्तीकरण रुका
सीएम ग्रिड योजना के बीच में आ रहे मॉडल टाउन गेट और पुलिया का ध्वस्तीकरण भी होना है। मिलान में नगर निगम के मानचित्रकार के पास मौजूद मानचित्रों, सीएम ग्रिड के प्लान में काफी भिन्नता मिली है। इसके अलावा कई रजिस्ट्रियां भी ऐसी मिली हैं, जिनमें निगम की जमीन को अपना बताया गया है। मुख्य अभियंता ने बताया कि सभी प्रकरण निपटाने के बाद ही ध्वस्तीकरण होगा। संवाद
फर्म के पदाधिकारियों से बातचीत की गई है। उनका कहना है कि एसबैंड नहीं लाइनें शिफ्ट की जा रही हैं, जो करना जरूरी हैं। उन्हें निर्देश दिए हैं कि नियमानुसार ही काम कराया जाए। - मनीष अवस्थी, मुख्य अभियंता, नगर निगम