कोर्ट के आदेश पर सिविल लाइंस पुलिस ने बिल्सी से भाजपा विधायक हरीश शाक्य समेत 16 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। इस मामले के बयान दर्ज कराने के लिए सोमवार को दुष्कर्म पीड़िता अपने परिवार के साथ सिविल लाइंस में पहुंची थी। आरोप है कि प्रभारी निरीक्षक मनोज कुमार सिंह ने दुष्कर्म पीड़िता से बयान लेने के बहाने अश्लील बयान लेने शुरू कर दिए।
जिसका दुष्कर्म पीड़िता ने विरोध किया तो उसे व उसके परिवार को जेल भेजने की धमकी दी। महिला डर कर बिना बयान दर्ज कराए ही वापस लौट आई। मंगलवार को पूरे मामले की शिकायत एसएसपी से की। इसके बाद एक बार फिर बयान दर्ज कराने के लिए दुष्कर्म पीड़िता सिविल लाइंस में पहुंची, लेकिन किसी ने भी बयान दर्ज नहीं किए। हालांकि एसएसपी ने दुष्कर्म पीड़िता के बयान दर्ज कराने के लिए महिला इंस्पेक्टर की तैनाती कर दी है।