बरेली। संविदा चालकों और परिचालकों की बहाली में खेल की परतें खुलने लगी हैं। अब एक और मामला सामने आया है। तत्कालीन क्षेत्रीय प्रबंधक दीपक चौधरी तबादले से ऐन पहले 11 साल पहले सेवा से बर्खास्त किए गए पीलीभीत के संविदा परिचालक की संविदा बहाल कर गए।
इतना ही नहीं मामले को छिपाने के लिए उसको पीलीभीत के स्थान पर बरेली डिपो में तैनाती दे दी। शुक्रवार को परिचालक चार्ज लेने पहुंचा तो राज खुला। इसके बाद उसे चार्ज नहीं दिया गया।
नियमों के विरुद्ध संविदा बहाल करने के मामले में फंसे बाबू खुद की गर्दन बचाने में लगे हुए हैं। हाल ही में केपी गुप्ता नाम के बाबू को इसी तरह के मामले में चार्जशीट दी जा चुकी है। प्रभारी क्षेत्रीय प्रबंधक मोहम्मद अजीम ने बताया कि 11 साल के बाद संविदा बहाली का मामला संज्ञान में आया है। जांच कराई जा रही है।