बरेली में जमीन खरीद के विवाद में खुद को पीड़ित बताकर कलक्ट्रेट पहुंचे दंपती ने ज्वलनशील पदार्थ खुद पर डालकर आत्मदाह की कोशिश की। हालांकि मौके पर मौजूद पुलिस व खुफिया अमले की तत्परता से बड़ी घटना टल गई। दंपती को सीधे कोतवाली ले जाया गया और पुलिस प्रशासन के अधिकारी कथित विवाद की जांच में जुट गए। दोपहर बाद स्पष्ट हो गया कि आरोप फर्जी है। इसके बाद दंपती के खिलाफ कोतवाली में ही पुलिस की ओर से रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
थाना बिथरी चैनपुर के चंद्रपुर बिचपुरी गांव निवासी नरेश पाल सिंह पत्नी गुड्डी देवी के साथ मंगलवार पूर्वाह्न करीब साढ़े 11 बजे कलक्ट्रेट गेट पर पहुंचे। वहां उनके हाथ में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ का फोटो लगा एक बड़ा बैनर था। लोगों का ध्यान खींचने के लिए रोटरी के पास बने लोहे के जाल पर ये बैनर टांगने लगे। फिर उस पर फूलमाला चढ़ाने लगा। ये देखकर यहां सादा कपड़ों में तैनात इंटेलिजेंस के दरोगा ओमवीर सिंह यहां आए और नरेश से पूछताछ की। नरेश ने बताया कि वह यहां पत्नी के साथ धरना देंगे। उसे यहां बैठने से मना कर दामोदर स्वरूप पार्क पर जाने की सलाह दी गई तो वह बिगड़ गया और कहा कि देखूंगा कौन रोक लेगा।
दरोगा व उनके साथी होमगार्ड समझाकर यहां से हटने को हुए कि नरेशपाल ने थैले में रखी प्लास्टिक की कैन निकाली और डीजल जैसे ज्वलनशील पदार्थ अपने व पत्नी के ऊपर डालने लगा। पुलिसकर्मियों ने दंपती को पकड़ा। बीचबचाव में दरोगा ओमपाल सिंह की अंगुली में चोट लग गई। होमगार्ड संदीप पर भी तेल के छींटे आ गए। दंपती को किसी तरह काबू कर कोतवाली पुलिस के सुपुर्द कर दिया गया।