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UP: बरेली में एलायंस बिल्डर्स के एमडी व निदेशक पर दर्ज गैंगस्टर की कार्यवाही रद्द, हाईकोर्ट ने दिया फैसला

Tue, 09 Sep 2025 01:20 PM IST
मुकेश कुमार अमर उजाला ब्यूरो, प्रयागराज / बरेली

सार

बरेली के एलायंस बिल्डर्स के एमडी व निदेशक को बड़ी राहत मिली है। एक मुकदमे के आधार पर उनके खिलाफ की गई गैंगस्टर की कार्यवाही को हाईकोर्ट ने रद्द कर दिया है। 
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इलाहाबाद हाईकोर्ट। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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इलाहाबाद हाईकोर्ट ने कहा कि एक मुकदमे के आधार पर की गई गैंगस्टर की कार्यवाही एक्ट का दुरुपयोग है। इस टिप्पणी संग कोर्ट ने बरेली की एलायंस बिल्डर्स एंड कॉन्ट्रैक्टर्स लिमिटेड के प्रबंध निदेशक अरविंदर सिंह, निदेशक रमनदीप व अन्य पर की गई गैंगस्टर की संपूर्ण कार्यवाही रद्द कर दी। यह फैसला न्यायमूर्ति राजीव मिश्रा की एकलपीठ ने अरविंदर सिंह, रमनदीप और अन्य की अर्जी पर दिया। 

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बरेली विकास प्राधिकरण के सहायक अभियंता ने 2022 को इज्जतनगर पुलिस स्टेशन में एक मुकदमा दर्ज कराया था। आरोप लगाया गया था कि बिहारमन नगला गांव की एक जमीन को शहरी भूमि सीमा अधिनियम के तहत सरप्लस घोषित किया गया था। 1990 में इसका कब्जा बरेली विकास प्राधिकरण को दे दिया गया था। कुछ भूमाफिया इस जमीन पर अतिक्रमण करने की कोशिश कर रहे थे। 

उन्होंने बरेली विकास प्राधिकरण की ओर से विवादित जमीन पर बाउंड्रीवॉल बनवाने के लिए काम कर रहे ठेकेदार और उसके कर्मचारियों को रोका। इस एफआईआर में राजीव कुमार, विशाल गंगवार, राधेश्याम राणा और रविंद्र कुमार गुप्ता सहित 5-6 अज्ञात लोगों को आरोपी बनाया गया था।

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पुलिस ने इन लोगों के खिलाफ दाखिल की थी चार्जशीट 
जांच के बाद पुलिस ने अमनदीप, रमनदीप, हनी कुमार, अरविंदर सिंह, युवराज सिंह, सतवीर सिंह और रविंद्र कुमार गुप्ता के खिलाफ धोखाधड़ी व अन्य आरोप में चार्जशीट दायर की। इन्हीं मुकदमों के आधार पर गैंगस्टर के तहत मुकदमा दर्ज किया गया। याचियों ने दर्ज गैंगस्टर की संपूर्ण कार्यवाही को रद्द करने के लिए हाईकोर्ट में अर्जी दाखिल की। 

याची अरविंदर सिंह और रमनदीप के अधिवक्ता ने दलील दी कि उनके खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत लगाया गया मामला पूरी तरह से गलत था। क्योंकि, यह एक ही मुकदमे पर आधारित था जो मूलरूप से एक सिविल विवाद था। हाईकोर्ट ने पक्षों को सुनने के बाद गैंगस्टर की संपूर्ण कार्यवाही को दुरुपयोग मानते हुए रद्द कर दिया।
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