फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जिंदगी की जंग जीत गया वो अवांछित नवजात

Sun, 20 Dec 2015 02:12 AM IST
बरेली
विज्ञापन
विज्ञापन
सिरौली। कस्बे में आधी रात बाद जन्मे एक मासूम को उसे पैदा करने वाली मां ने तो मरने के लिए हाड कंपाती ठंड में सड़क पर पटक दिया था लेकन होनी को कुछ और ही मंजूर था। ये नवजात सिर के खून बहने और इतनी ठंड सहने के बाद भी जीवन की जंग जीत गया और अब एक ऐसी मां उस पर प्यार लुटा रही है जो एक बेटा पाने के लिए न जाने कब से तरस रही थी।
विज्ञापन

शुक्रवार को आधी रात के बाद कस्बे में मोहल्ला सईदान में तिराहे पर किसी ने एक अवांछित बच्चे को इस बेरहमी से फेंका कि उसके सिर में गंभीर चोट लगने से खून बहने लगा। नंगे बदन  फेंके गए इस मासूम का रोना सुनकर पड़ोस के मटरूलाल और डॉ. टीकाराम बाहर आए तो नजारा देख कर एकदम सहम गए। उन्होंने सबसे पहले अमर उजाला  को खबर दी।
रात को करीब तीन बजे थे। अमर उजाला प्रतिनिधि संजीव गुप्ता ने तुरंत ठंड से कांपते बच्चे को कंबल में लपेटा और पुलिस को बुला कर नवजात को अस्पताल पहुंचाया गया। डाक्टर भी तुरंत इलाज में जुट गए और थोड़ी देर में उन्होंने बताया कि बच्चे की जान बच गई है अब वह खतरे से बाहर है। इलाज के बाद सुबह पुलिस ने बच्चे को कस्बे के ठाकुर दास की सुपुर्दगी में दे दिया है।
विज्ञापन

दिन निकलते ही खबर सुनकर ठाकुरदास के घर बच्चे को देखने वालों का तांता लग गया। तमाम लोगों ने बच्चे को अपनाने की इच्छा जताई।  कस्बे के लोगों ने आम सहमति से बच्चे को पप्पू पाली और उनकी पत्नी अनीता को दे दिया। बच्चा पाकर बेहद खुश अनीता ने बताया कि उनकी छह लड़कियां हैं। आज भगवान ने उन्हें एक लड़का भी दे दिया है।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें