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ट्रैक पर लेटी किशोरी के ऊपर से गुजरी ट्रेन फिर भी बच गई

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खुदकुशी करने पहुंची थी, ड्राइवर ने इमरजेंसी ब्रेक लगाए तो घबराए यात्री
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जीआरपी ने किशोरी से की पूछताछ, मिन्नत पर परिवार वालों को सौंपा
बहेड़ी (बरेली)। खुदकुशी करने के लिए ट्रैक पर लेटी किशोरी इंजन और दो बोगी ऊपर से गुजरने के बाद भी जिंदा बच गई। किशोरी को ट्रैक पर लेटे देख ड्राइवर ने इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन रोकी, हालांकि तब तक इंजन के साथ दो बोगी भी उसके ऊपर से गुजर गईं। ड्राइवर ने नीचे उतरकर किशोरी को जिंदा पाया तो हैरान रह गया। इस घटना की वजह से ट्रेन करीब एक घंटे तक खड़ी रही।
बरेली से चलकर लालकुआं जाने वाली ट्रेन (05309) गुरुवार रात 10:20 बजे रेलवे स्टेशन पर आकर खड़ी हुई, तभी रेलवे लाइन के पास की कॉलोनी की एक किशोरी घर से नाराज होकर ट्रैक पर आ गई। वह केसर मिल रेलवे क्रॉसिंग 15सी और सिंह गौंटिया क्रासिंग 16 सी के बीच ट्रैक पर दोनों पटरियों के बीच में लेट गई। स्टेशन से चलकर ट्रेन जब केसर मिल क्रासिंग से आगे बढ़ी तभी ड्राइवर की नजर ट्रैक पर लेटी किशोरी पर पड़ी। उसने पहले हॉर्न बजाया लेकिन जब किशोरी फिर नहीं हटी तो आपात ब्रेक लगाकर ट्रेन रोकी, लेकिन फिर भी इंजन और दो बोगियां किशोरी के ऊपर से गुजर गईं। ड्राइवर ने नीचे उतरकर देखा तो किशोरी जिंदा थी। कई यात्री भी नीचे उतर आए। सूचना पर जीआरपी भी पहुंच गई। उसने किशोरी को बाहर निकाला। उसे एक-दो जगह मामूली खरोंच आईं थीं।
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बहुत पूछा फिर भी कुछ नहीं बताया
जीआरपी ने किशोरी से खुदकुशी के बारे में काफी पूछताछ की लेकिन उसने कुछ नहीं बताया। परिवार वाले भी केवल किसी बात पर नाराजगी को लेकर घर से निकलने की बात कहते रहे। जीआरपी कार्रवाई में जुटी थी लेकिन परिवार वालों के काफी मिन्नत करने के बाद उन्होंने किशोरी को छोड़ दिया। घटना को लेकर पूरे दिन कस्बे में चर्चा होती रही।
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किशोरी और उसके परिवार वालों से पूछताछ की गई। किशोरी के केवल नाराजगी में कदम उठाने की बात सामने आई। परिवार वालों के काफी मिन्नतें करने और किशोरी के दोबारा ऐसी हरकत न करने की बात कहने पर छोड़ दिया गया। - हरपाल सिंह, दरोगा, जीआरपी
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