वित्तमंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि भाजपा संकल्प पत्र को पूरा करने के लिए योगी सरकार गंभीर है। उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए सरकार अगले हफ्ते नई औद्योगिक नीति लाने जा रही है। इसके तहत प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में इंडस्ट्री जोन बनाए जाएंगे। उद्योगों को सस्ती जमीन उपलब्ध कराने के लिए हर जिले में सरकार लैंड बैंक बनाएगी। उद्यमियों को बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर दिया जाएगा।सर्किट हाउस में पत्रकारों से बातचीत करते हुए उन्होंने कहा कि योगी सरकार में 20 दिन के अंदर चीनी मिलों ने किसानों का छह हजार करोड़ रुपये का गन्ना किसानों का बकाया भुगतान कर दिया है। चीनी मिलों को स्पष्ट निर्देश हैं कि वह 14 दिन में किसानों को गन्ने का भुगतान करें। अफसरों के स्तर पर कोई भी फाइल दो हफ्ते से ज्यादा पेंडिंग नहीं रहेगी। प्रत्येक दफ्तर में अफसर और कर्मचारियों की शत प्रतिशत उपस्थिति के लिए बायोमेट्रिक हाजिरी सिस्टम लागू किया जाएगा। आवास विकास को पीएम आवास योजना से जोड़कर गरीबों को मुफ्त मकान उपलब्ध कराए जाएंगे। प्रत्येक गांव में सड़कों का जाल बिछाने का खाका तैयार हो चुका है। शहर और गांवों को 24 घंटे बिजली देने पर काम काफी आगे बढ़ चुका है। साइबर अपराध रोकने का ब्लू प्रिंट सरकार तैयार कर रही है। तालाबों और जमीनों पर कब्जे न रोकने वाले प्रशासन और पुलिस अफसर सख्त कार्रवाई के लिए तैयार रहें।
कई मंत्रियों की घोषणाएं कर गए
राजेश अग्रवाल यूं तो प्रदेश सरकार में वित्तमंत्री हैं लेकिन शनिवार को वह सर्किट हाउस में पत्रकारों से बातचीत में पूरे मूड में थे। वह अपने मंत्री पद के अलावा पीडब्ल्यूडी, उर्जा, कारागार, आवास और नगर विकास मंत्री की भी घोषणाएं भी कर डालीं। कुछ घोषणाओं में बजट स्वीकृत होने की जानकारी दी तो कुछ में प्रस्ताव तैयार होने की बात कही। प्रशासनिक और पुलिस अफसरों की कार्यशैली से वह खुश नहीं दिखे।
वाणिज्यकर अफसर को सुधरने की चेतावनी
सर्किट हाउस में बुके लेकर स्वागत करने गए वाणिज्य कर विभाग केअसिस्टेंट कमिश्नर वीपी सिंह को वित्तमंत्री के गुस्से का शिकार होना पड़ा। असिस्टेंट कमिश्नर को फटकार लगाते हुए कहा कि शहर में स्टील और लोहे के ट्रकों से बिना रसीद काटे माल की सप्लाई हो रही है। टैक्स चोरी कराकर माल पहुंच रहा है। आपको समझ में नहीं आ रही। बहुत जल्द ही लखनऊ में मीटिंग बुलाने वाला हूं। बोले- आप खुद सुधर जाइए। वरना, हम तो सुधार ही देंगे।