अलीगंज थानाक्षेत्र के गांव गैनी के रहने वाले जहीर अहमद ने उनकी नाबालिग बेटी का अपहरण हो जाने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। मामला लड़की के अपहरण का था तो पुलिस ने भी सक्रियता दिखाते हुए तलाश शुरू कर दी थी। जहीर अहमद ने अंकुर और मोहित पटवा नाम के दो युवकों पर बेटी को ले जाने का आरोप लगाया था।
इसी बीच पता चला कि लापता हुई सबा ने धर्म परिवर्तन कर लिया है और हिंदू रिति-रिवाज के अनुसार अगस्त मुनि आश्रम में शादी भी कर ली है। इस बात में क्षेत्र में तनाव का माहौल पैदा कर दिया। मामले की जांच कर रहे गैनी चौकी प्रभारी आनंद प्रकाश ने बताया कि शनिवार को गैनी तिराहे से सबा को बरामद कर लिया।
इसके बाद सबा को पुलिस सुरक्षा के साथ बरेली एसीजेएम द्वितीय की कोर्ट में पेश किया गया। वहां धारा 161-64 के तहत उसके बयान लिए गए। बताया कि अपने बयानों में सबा ने अपने पिता जहीर की ओर से उसके प्रेमी पति पर लगाए गए सभी आरोपों को झूठा बताया।
वहीं स्वेच्छा से धर्म-परिवर्तन करके शादी करने की बात स्वीकार की। वहीं जहीर ने बेटी की उम्र 16 बताई थी। जबकि कोर्ट में पेश हुई सबा की कक्षा दस की मार्कशीट और आधार कार्ड के मुताबिक उसकी उम्र 21 वर्ष निकलकर सामने आई है। न्यायालय ने प्रेमी युगल को पति-पत्नी बतौर एक साथ रहने की अनुमति दी है।