सीएम योगी आदित्य नाथ की जनसभा और ठहरने की व्यवस्था को लेकर शीर्ष नेता सहमत नहीं हैं। अब तक की व्यवस्था को लेकर भव्यता को देखते हुए एमबी इंटर कॉलेज में स्थान कम है, उधर होटल स्वर्ण टावर में ऐशोआराम की व्यवस्थाओं के बजाए सीएम के हिसाब से सादगी और उनसे मिलने-जुलने लायक पर्याप्त स्थान की आवश्यकता है। इन्हीं बातों के मद्देनजर शीर्ष नेता बुधवार को संचालन समिति और अफसरों से नाराज हो गए। अफसरों ने बात संचालन समिति के कम अनुभवी नेताओं पर डालकर अपना पल्ला झाड़ लिया। उसके बाद सभा के लिए बरेली कॉलेज और ठहरने के लिए सर्किट हाउस तय किया गया। बुधवार देर शाम तक इन्हीं व्यवस्थाओं को ध्यान में रखकर तैयारियां शुरू करा दी गई। इन अफसरों की टेंशन यह है कि योगी जी के इंतजाम में कहीं कोई चूक न रह जाए।
नया कार्यक्रम जारी होगा
सीएम के आगमन और रात्रि विश्राम संबंधी कार्यक्रम अब नए सिरे से जारी होगा। इसमें हेलीपैड, सभा स्थल और प्रवास स्थान बदलकर आएगा। पंचम तल और भाजपा प्रदेश मुख्यालय ने इस पर कवायद शुरू कर दी है। उधर, वरिष्ठ नेता सीएम प्रवास के दौरान मिल रहे भरपूर समय का पूरा फायदा उठाने के लिए कार्यक्रम बना रहे हैं। प्रवास अवधि में संगठन और प्रमुख लोगों से बैठक, भोजन और अन्य कार्यक्रम तय किए जा रहे हैं।
तख्त की टेंशन
सीएम रात्रि विश्राम में तख्त (हार्ड बेड) इस्तेमाल करते हैं, इसलिए प्रशासन ने तख्त की व्यवस्था सुनिश्चित कर ली है। साथ ही पूजा पाठ आदि सामग्री मंगाई जा रही है। सीएम नीचे जमीन पर लेटते हैं, वैकल्पिक व्यवस्था भी रहेगी।
संचालन समिति पर सवाल
सीएम की चुनावी सभा और उनके रात्रि विश्राम व्यवस्था को लेकर संगठन संचालन समिति पर सवाल उठे हैं। समिति में शामिल नेता प्रशासन और अफसरों के इर्दगिर्द अपनी मौजूदगी और अहमियत बनाने लगे हुए हैं। उन्हें यह एहसास ही नहीं है कि सबसे प्रदेश के सीएम की बरेली में चुनावी सभा किस स्तर की हो। साथ ही खास बात यह है कि सीएम बरेली में रात्रि विश्राम करेंगे, लेकिन अभी तक हुई तैयारी और जारी हुए कार्यक्रम से साफ हो गया है कि संचालन समिति गैर अनुभवी है और अति महत्वपूर्ण कार्यक्रम में सफल बनाने के लिए कितनी गंभीर है।
डीएम से बैठक
संचालन समिति सदस्य शहर अध्यक्ष उमेश कठेरिया, महामंत्री राजबहादुर सक्सेना और लोकसभा पालक संजीव अग्रवाल बुधवार दोपहर बाद डीएम से बैठक करने पहुंच गए। समिति सदस्य सीएम आगमन आदि तैयारी का खाका तैयार कराना चाहते थे, लेकिन समिति ने शाम पांच बजे से रात दस बजे तक अवधि में कोई कार्यक्रम नहीं बनाया था। डीएम जानना चाहते थे कि सीएम इन पांच घंटों में क्या करें? सदस्य सही उत्तर ही नहीं दे पाए। बरेली में पंकज सिंह, भवानी सिंह समेत कई प्रमुख पदाधिकारी मौजूद थे, फिर भी समिति ने इनसे दिशा निर्देश लेना जरूरी नहीं समझा। इससे भी वरिष्ठ नेता नाराज हैं।