नवाबगंज। खाद्य एवं रसद विभाग के आयुक्त मनीष चौहान ने डीएम को पत्र भेजकर प्राक्सी के माध्यम से सरकारी सस्ते गल्ले की दुकान के बिक्रेताओं की जांच कराने के आदेश जारी किए थे, जिस पर डीएम ने एसडीएम को मामले में जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए थे। एसडीएम ने पत्र भेजकर पूर्ति निरीक्षक को जांच कर रिपोर्ट तलब की, लेकिन पूर्ति निरीक्षक ने एसडीएम के भेजे पत्रांक संख्या पर एक से अधिक कोटेदारों को नोटिस भेज दिए। मामले की जानकारी मिलते ही एसडीएम ने पूर्ति निरीक्षक को पत्र भेजकर स्पष्टीकरण तलब किया है।
ईपॉश के माध्यम से आधार प्रमाणीकरण के द्वारा अधिकतम राशन का वितरण सुनिश्चित कराना शासन की शीर्ष प्राथमिकता में है। नगरीय क्षेत्रों में 10 प्रतिशत से अधिक और देहात क्षेत्र में 20 प्रतिशत राशन का वितरण प्राक्सी के माध्यम से करने वाले कोटेदारों के खिलाफ जांच जनपद स्तर के अधिकारियों से करने के निर्देश दिए है। जांच में दोषी पाए जाने वाले कोटेदारों की दुकान निलंबित कर कार्रवाई को कहा गया है। इस मामले में एसडीएम कुमार धर्मेंद्र ने पूर्ति निरीक्षक नवाबगंज को एक पत्र भेजकर जांच करने के निर्देश दिए थे। आरोप है कि पूर्ति निरीक्षक कार्यालय से एसडीएम के पत्रांक संख्या पर एक से अधिक कोटेदारों को नोटिस जारी कर दिए गए। जिसकी जानकारी मिलते ही एसडीएम ने पूर्ति निरीक्षक को पत्र भेजकर स्पष्टीकरण तलब किया है।
मेरे द्वारा जारी एक पत्र की पत्रांक संख्या पर एक से अधिक कोटेदारों को नोटिस भेजने का कार्य किया गया है, जिसकी जांच भी कराई जा रही है। इस मामले में पूर्ति निरीक्षक को पत्र भेजकर स्पष्टीकरण तलब किया गया है। इसके बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। कुमार धर्मेंद्र, एसडीएम नवाबगंज