बरेली। लांस नायक अनिल कुमार हत्याकांड के दोनों आरोपियों पर जुर्म साबित हो गया है। सजा के प्रश्न पर सुनवाई 28 फरवरी को होगी। गवाहों को धमकाने के मामले में कोर्ट से दोनों की जमानत पहले ही खारिज हो चुकी है। उन्हें नवंबर माह में जेल भेज दिया गया था।
मामला एडीजे ज्ञानेंद्र त्रिपाठी की कोर्ट में है। जाट रेजिमेंट में तैनात लांस नायक अनिल कुमार की सदर बाजार में 21 मार्च 2018 को गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। जांच में पता चला था कि लांस नायक अनिल कुमार की पत्नी को आरोपी राजेश चौधरी परेशान करता था। इस पर लांस नायक ने राजेश चौधरी की पिटाई कर दी थी। आरोप है कि इसी रंजिश के चलते राजेश चौधरी ने अपने छोटे भाई ध्रुव चौधरी के साथ मिलकर दिनदहाड़े लांस नायक अनिल कुमार की हत्या कर दी थी।
सरकारी वकील सुनील पांडेय ने बताया कि मामले की सुनवाई जब कोर्ट में चल रही थी तो चश्मदीद गवाह रिटायर्ड सूबेदार मेजर कुलदीप सिंह ने 15 सितंबर 2023 को कोर्ट में अर्जी देकर कहा था कि अभियुक्त राजेश चौधरी व ध्रुव चौधरी गवाहों को धमका रहे हैं। ये लोग एलानिया कह रहे हैं कि जो भी उनके खिलाफ गवाही देगा, उसका भी हाल लांस नायक अनिल कुमार की तरह होगा। इस डर से मामले के गवाह आजाद खान ने गवाही से मना कर दिया। गवाह कुलदीप सिंह की ओर से दी गई इस अर्जी पर एडीजे ज्ञानेंद्र त्रिपाठी ने एसएसपी को पत्र लिखकर गवाहों को सुरक्षा देने का आदेश दिया था। बाद में दोनों अभियुक्तों की जमानत कोर्ट ने खारिज करके जेल भेज दिया था। तब से वे जेल में ही हैं। इस मामले में अभियोजन की ओर से कुल 11 गवाह पेश किए गए हैं।