बरेली। बढ़ते प्रदूषण के बीच अब कूड़ा जलाने वालों पर भी एफआईआर होगी। ग्रामीण इलाकों में इसके लिए रोजगार सेवक और ग्राम पंचायत सचिव भी जिम्मेदार होंगे। उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी। लगातार निगरानी और कार्रवाई के बाद पराली जलाने के मामलों में कमी आई है, लेकिन वायु गुणवत्ता सूचकांक 150 से 200 तक दर्ज हो रहा है। अब जिला प्रशासन कूड़ा जलाने वालों पर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। ग्रामीण और शहरी इलाके में अलग-अलग अधिकारियों-कर्मचारियों की जिम्मेदारी तय करके उनको सचेत कर दिया गया है। उप निदेशक कृषि अभिनंदन सिंह ने बताया कि राजस्व एवं कृषि विभाग की टीमें इसकी निगरानी कर रही हैं। ऐसे मामले सामने आने पर जिला प्रशासन के निर्देश के मुताबिक कार्रवाई की जाएगी। संवाद