बरेली। वृंदावन की तर्ज पर मॉडल टाउन स्थित श्री हरि मंदिर में बने म्युजिकल फाउंटेन शो ने रविावार की शाम को समा बांध दिया। भजन की धुन पर नृत्य करते रंग बिरंगे फव्वरों का आलिंगन देख मौजूद भक्तगण मंत्रमुग्ध हो उठे।
आंखों में बसा लेने वाला यह नजारा शायद बरेली के बहुत कम लोगों ने कहीं देखा होगा। जो अब बरेली में हर शाम देखने को मिलेगा। यह म्युजिकल फाउंटेन वृंदावन के कृपालु महाराज के प्रेम मंदिर में बने म्युजिकल फाउंटेन की प्रेरणा से बनवाया गया है। भले ही उसकी जैसी भव्यता न हो मगर आकर्षण में कोई कमी नहीं है। इस फव्वारे की खासियत यह है कि भजन के सुर लय और ताल के साथ चलता है। लाइटों का रंग बदलना और बीट के साथ फव्वारों का ऊपर नीचे होना और एक दूसरे में मिल जाना मन को अलग का एहसास कराता है।
मंदिर कमेटी के सचिव रवि छाबड़ा ने बताया कि यह फाउंटेन 15 लाख की लागत से बना है जो छह माह में तैयार हो पाया। इसे दिल्ली की एक कंपनी ने बनाया है जो इस तरह का बड़े से बड़ा म्युजिकल फाउंटेन दुबई तक में बना चुकी है। इसके सिस्टम में पेन ड्राइव के जरिए भजन चलाते हैं। जो वायरिंग से फव्वारे तक जुड़ा है। इसके लिए 10 हजार स्क्वायर फिट का हाल भी नए सिरे बनवाया गया है। इसमें जब भजन के कार्यक्रम होंगे और उसकी साउंड इसके जोड़ने पर वह इसी तरह काम करेगा। उन्होंने बताया कि इसका शो अब हर शाम आधे घंटे 8 से 8.30 बजे तक हुआ करेगा और लोग इसका आनंद ले सकेंगे। इस मंदिर की शुरुआत 1960 में हुई थी तब से यह मंदिर अपनी कुछ खासियत की वजह हमेशा अलग रहा है।