बदायूं। जिला अस्पताल के नेत्र चिकित्सा विभाग में अब तक चीरा लगाकर आंखों के ऑपरेशन किए जा रहे थे। एक ऑपरेशन करने में डॉक्टर को अधिक समय लगता था। मरीज को भी कई दिन अहतियात बरतनी पड़ती थी, लेकिन अब अस्पताल प्रशासन ने ऑपरेशन और सरल बनाने की तैयारी कर दी है। इसके लिए मशीन मंगाने की तैयारी की जा रही है, उसके बाद अस्पताल में फेको विधि से ऑपरेशन होना शुरू हो जाएंगे।
नेत्र चिकित्सा विभाग में इस समय तीन नेत्र रोग चिकित्सक तैनात हैं। सुबह आठ बजे से लेकर दोपहर दो बजे ओपीडी चलती थी। उसके बाद मरीजों के ऑपरेशन किए जाते हैं। समय-समय पर अस्पताल में कैंप भी लगाया जाता है लेकिन उस दौरान चिकित्सकों को कड़ी मेहनत करनी पड़ती है। एक मरीज का ऑपरेशन ओपन विधि से करने में चिकित्सक को करीब डेढ़-दो घंटे लग जाते हैं। जिस दिन कैंप होता है, उस दिन चिकित्सक को देर रात तक काम करना पड़ता है। जो मरीज शेष रह जाते हैं, उन्हें दूसरे दिन बुलाया जाता है। तब कहीं मरीजों के ऑपरेशन हो पाते हैं।
लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। अब चिकित्सक के समय की बचत भी होगी और मरीज को आसानी रहेगी। अब अस्पताल में फेको विधि से आंखों के ऑपरेशन किए जाएंगे। इसके लिए अस्पताल प्रशासन फेको मशीन मंगाने की तैयारी में जुटा है। अस्पताल को जल्द ही मशीन मिल सकती है।
नहीं लगेगा टांका, जल्द होगी छुट्टी
-फेको विधि से आंखों का ऑपरेशन करने के दौरान न तो कोई चीरा लगेगा और न ही टांका। इस विधि से तुरंत ऑपरेशन होगा और मरीज को जल्द छुट्टी मिल जाती है। इस विधि से मोतियाबिंद पिघलाकर पानी कर दिया जाएगा। उसके बाद मशीन द्वारा लेंस डाल दिया जाएगा।
नेत्र रोग विभाग में आंखों के ऑपरेशन करने के लिए फेको मशीन मंगाई जा रही है। इसकी तैयारी शुरू कर दी गई है। जल्द ही मशीन मंगवाकर मरीजों के ऑपरेशन शुरू कर दिए जाएंगे।
डॉ. उदयवीर सिंह, प्रभारी सीएमएस जिला अस्पताल