बरेली। भू-अधिग्रहण घोटाले की जांच में सामने आया है कि अधिक मुआवजा हड़पने के लिए बाहरी लोग संगठित होकर योजनाबद्ध तरीके से आए थे। इनमें से कुछ लोगों ने एक से अधिक गांवों या जिलों में जमीन खरीदी। जहां भी एनएचएआई की परियोजना प्रस्तावित थी, वहां जमीन खरीद ली। समिति ने आश्चर्य जताया है कि यदि खरीदारों को हाईवे की जद में आने वाले भूखंडों की जानकारी नहीं थी तो कैसे उन्होंने सटीक जगह पर भूखंड खरीद लिए?
हाईवे के लिए प्रस्तावित गाटों की जानकारी आम लोगों को नहीं होती। ऐसे में आशंका है कि संगठित रूप से योजना बनाकर व्यक्तिगत वित्तीय लाभ के लिए सरकारी धन को क्षति पहुंचाई गई है। जांच में सामने आया है कि धर्मवीर मित्तल ने पीलीभीत जिले के साथ-साथ बरेली के ग्राम उमरसिया जो एनएचएआई की ओर से प्रस्तावित रिंग रोड परियोजना से आच्छादित है, उसमें भी जमीन खरीदी। साथ ही, इन्होंने जनपद शाहजहांपुर व हरदोई में भी समान उद्देश्य से भूमि क्रय की है। जांच समिति ने इसकी वृहद जांच कराए जाने की आवश्यकता जताई है।
पीलीभीत के 21 गांवों की हुई जांच
जांच समिति ने बरेली-सितारगंज हाईवे के पैकेज एक के कुकरी खेड़ा, विलई पसियापुर, उगनपुर, हंडा, देवीपुरा व शाही और पैकेज दो के बढेपुरा, हुसैननगर, मुड़लिया गौसू, धुंधरी, कल्यानपुर चक्रतीर्थ, बल्लिया, दबका, विलहरा माफी, भौनी, कैचूटांडा, माधौपुर, मुड़लिया इलाहीबक्श, लाहौरगंज, भौना, भैसहा, अमरिया, हेतमडांडी, सरदारनगर, बारात बोझ, सहगवां नगरिया, कटमती गांवों के भू अधिग्रहण की जांच की।
नाै गांवों में 50 लाख से अधिक मुआवजे के 20 मामले मिले
21 गांव के 735 गाटों में 3,457 किसानों/लाभार्थियों की भूमि, परिसंपत्तियों का अधिग्रहण किया गया है। इनमें 50 लाख रुपये से अधिक प्रतिकर भुगतान वाले मामलों की विशेष जांच की गई है। नौ गांवों में ऐसे 20 प्रकरण पाए गए।
आठ गाटा संख्या में नोटिफिकेशन के बाद भू उपयोग में हुआ बदलाव
जांच में पाया गया कि एनएच एक्ट के तहत हाईवे के नोटिफिकेशन के बाद आठ गाटा संख्या के भू उपयोग में बदलाव किया गया। इनमें अमरिया में गाटा संख्या-84, 86, हेतमडांडी में गाटा संख्या 125, सरदार नगर में गाटा संख्या-32, 41, 206, मुड़लिया गौसू व भैसहा में गाटा संख्या-211, 213 शामिल हैं।
इन गाटों में निर्माण अंकित नहीं, फिर भी परिसंपत्तियों का भुगतान
अधिसूचना के बाद जिन भूखंडों को खरीदा गया, उनके विक्रय अभिलेख में किसी प्रकार का निर्माण अंकित नहीं है। इसके बाद भी संबंधित भू-स्वामियों को परिसंपत्तियों का भी भुगतान किया गया है। इनमें उगनपुर में गाटा सं.-78, अमरिया में गाटा संख्या-84, 86, 230, हुसैन नगर में गाटा सं.- 145, 146, 185, सरदार नगर में गाटा संख्या-32, मुड़लिया गौसू में गाटा संख्या-41 व भैसहा में गाटा संख्या-211 की जमीन शामिल है।
इन अधिकारियों ने की जांच
अपर आयुक्त (प्रशासन) बरेली मंडल प्रीति जायसवाल, नगर आयुक्त शाहजहांपुर बिपिन कुमार मिश्र, बरेली विकास प्राधिकरण के सचिव योगेन्द्र कुमार, उप महानिरीक्षक, स्टांप व निबंधन, रिकवरी शम्भू नाथ यादव, शाहजहांपुर की तिलहर तहसील के तहसीलदार जय प्रकाश यादव। अमर उजाला ब्यूरो