बरेली। वार्ड 50 प्रभातनगर में सफाई नहीं होने से लोग परेशान हैं। नालियां चोक हैं। सड़कों व मोहल्लों से नियमित कूड़े का उठान नहीं हो रहा है। सप्ताह में दो-तीन दिन ही कूड़े वाली गाड़ी आती है। प्रभातनगर में रविवार को आयोजित अमर उजाला संवाद में नागरिकों ने ये समस्याएं साझा कीं।
रमेश चंद्र अग्रवाल ने बताया कि प्रभातनगर से मॉडल टाउन की ओर जाने वाली सड़क पर ट्रांसफार्मर लगा दिया है। उसके आसपास लोग कूड़ा फेंकते है। इसका उठान नहीं होने से गंदगी पसरी रहती है। अंकुर खंडेलवाल ने बताया कि कॉलोनी में आने वाली कूड़ा गाड़ी बहुत छोटी है। इससे कूड़ा का उठान नहीं हो रहा है। दिनभर वहां से बदबू आती है।
भुवनेश अग्रवाल ने बताया कि सड़कों पर लोगों ने अतिक्रमण कर रखा है। इससे गालियों-नालियों की सफाई नहीं हो पाती और बरसात में जलभराव होता है। वार्ड के कई गलियां टूटी पड़ी हैं। आशुतोष गोयल ने बताया कि वार्ड के दोनों पार्क बदहाल हैं। ओपन जिम सालभर भी नहीं चल पाए। लाखों रुपये खर्च कर लगाए गए उपकरण अब टूट रहे हैं। पार्क में सफाई भी नहीं होती। इससे वहां गंदगी का अंबार लगा है।
अमर सिंह ने बताया कि सफाई कर्मचारियों की संख्या बहुत कम है। इसे बढ़ाने की जरूरत है। वार्ड के बंदरों व कुत्तों का आतंक है। कई लोग कुत्तों के हमले से जख्मी हो चुके हैं। निगम के एक बार कुत्ता पकड़ने के लिए गाड़ी भेजी थी, लेकिन एक-दो कुत्ते ही पकड़े गए। बंदरों की वजह से लोगों ने छत पर जाना छोड़ दिया है। इस दौरान रमेश चंद्र शर्मा, भुवनेश अग्रवाल, आशुतोष गोयल, अंकुर खंडेलवाल, योगेश गिरि गोस्वामी, मनोज अग्रवाल, तूलिका गोयल, मुकेश शर्मा, सुधीर भारद्वाज आदि मौजूद रहे।
गंदगी से जूझ रही 25 हजार की आबादी
वार्ड की 25 हजार आबादी गंदगी से जूझ रही है। नगर निगम को इसका समाधान कराना चाहिए। - उमेश रस्तोगी
वार्ड में दोनों पार्कों में सफाई का अभाव है। इससे यहां टहलने आने वाले लोगों को परेशानी होती है। - अमर सिंह
क्षेत्र में कुत्तों व बंदरों का आतंक है। निगम से शिकायत के बावजूद समस्या का समाधान नहीं हो सका। - निरूपमा
सफाई व्यवस्था को कराएंगे बेहतर
क्षेत्र के विकास के लिए लगातार कार्य कराए जा रहे है। कुछ सड़कों का निर्माण प्रस्तावित है। साफ-सफाई की स्थिति को बेहतर किया जाएगा। - रजत अरोरा, पार्षद प्रतिनिधि