इंजीनियरिंग के छात्र ने डिलीट किए वीडियो
शहर के एक निजी विश्वविद्यालय में कंप्यूटर इंजीनियरिंग के छात्र बहेड़ी निवासी शानू ने चालान होने से पहले सीओ प्रथम आशुतोष शिवम को बताया कि उसने देश के दूसरे हिस्सों में संचालित हैदरी दल के ग्रुप को देखकर अपने ही नंबर से हैदरी दल बरेली नाम का इंस्टाग्राम पेज बनाया था।
ग्रुप होल्डर के रूप में वह अन्य लोगों द्वारा भेजे गए भड़काऊ वीडियो इस पेज पर डालता था। जब इस मामले में रिपोर्ट हुई तो उसने आनन-फानन ये वीडियो डिलीट कर दिए। दल के लोगों को भरोसा था कि कंप्यूटर का अच्छा जानकार होने की वजह से वह पकड़ा नहीं जाएगा, लेकिन पुलिस ने उसे दबोच लिया।
एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि कोतवाली पुलिस को हैदरी दल के संचालक के बारे में कई पुख्ता सबूत मिले हैं। शहर के एक मदरसे की भी इसमें भूमिका सामने आ रही है। जल्दी ही पुलिस असली सरगना तक पहुंचेगी। फिलहाल दो और आरोपी जेल भेज दिए गए हैं।