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UP: 'फोन मत काटना', ठग के कहने पर डॉक्टर ने 72 घंटे के लिए होटल में लिया कमरा, दहशत ऐसी... नहीं खोला दरवाजा

Mon, 13 Jan 2025 11:25 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, बरेली

सार

Bareilly Crime News: बरेली में एक डॉक्टर डिजिटल अरेस्ट हो गया। ठग के कहने पर डॉक्टर ने 72 घंटे के लिए होटल में कमरा भी ले लिया। पुलिस ने कमरे का दरवाजा खटखटाया। लेकिन डॉक्टर ने दरवाजा नहीं खोला। फिर पुलिस ने इस ट्रिक से दरवाजा खुलवाया और डॉक्टर को छुड़ाया।
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Doctor Digital arrest - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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Digital Arrest Cases In Bareilly: मुंबई के हवाला कारोबार में आधार कार्ड का इस्तेमाल होने की धमकी देकर साइबर ठगों ने बारादरी क्षेत्र में रहने वाले डॉक्टर नजबुल हसन को डिजिटल अरेस्ट कर लिया। पुलिस की वर्दी पहन वीडियो कॉल करने वाले ठग ने डॉक्टर को ऐसा अरदब में लिया कि आधार कार्ड, पासबुक आदि लेकर घर से निकल गए। 
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ठगों के कहने पर उन्होंने तीन दिन के लिए होटल में कमरा भी ले लिया। हालांकि उन्होंने एक होशियारी दिखाई कि घर से निकलते हुए एक कागज पर इस संबंध में जिक्र कर गए थे। इस पर परिजनों ने पुलिस को सूचना दे दी। ट्रेस करते हुए होटल पहुंची पुलिस ने उन्हें सात घंटे में मुक्त करा लिया। 

डॉ. हसन तीन खातों की डिटेल ठगों को दे चुके थे। इन खातों में 50 लाख रुपये थे। शनिवार रात करीब नौ बजे इमरान खां नाम का युवक एसपी सिटी मानुष पारीक के आवास पहुंचा। उन्हें बताया कि फाइक एन्क्लेव निवासी उसके चाचा डॉ. नजबुल हसन किसी से मोबाइल फोन पर बात कर रहे थे। 
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बात करते-करते क्लीनिक से घर आए और आधार व बैंक संबंधी कागज लेकर स्कूटी से कहीं चले गए। इसके बाद से फोन नहीं उठा रहे हैं। एसपी सिटी ने बारादरी इंस्पेक्टर धनंजय पांडेय को डॉक्टर की लोकेशन ट्रेस करने को कहा। इस पर डॉक्टर के नंबर की लोकेशन पीलीभीत रोड के एक होटल में मिली।

ऐसी दहशत... नहीं खोला दरवाजा, फिर पुलिस ने मचाया होटल में आग लगने का शोर
एसपी सिटी के मुताबिक पुलिस के साथ वह होटल पहुंचे तो डॉक्टर की स्कूटी बाहर खड़ी मिली। डॉ. हसन ने सोमवार तक के लिए कमरा बुक किया था। पुलिस कमरा नंबर 105 के बाहर पहुंची और दरवाजा खटखटाया। डॉ. हसन ने दरवाजा नहीं खोला। कान लगाकर सुना तो कोई उन्हें दरवाजा न खोलने की हिदायत दे रहा था। कुछ देर बाद पुलिस ने सफाईकर्मी बन दरवाजा खुलवाने को कहा तो भी इन्कार कर दिया।

मास्टर चाबी से दरवाजा खोलना चाहा तो डॉ. हसन ने अंदर से कुंडी लगा ली। थोड़ी देर बाद एसपी सिटी व अन्य पुलिसवालों ने बेसमेंट में आग लगने और पूरा होटल खाली करने का शोर मचाया। तब जाकर डॉ. हसन ने दरवाजा खोला तो वह किसी से वीडियो कॉल पर बात कर रहे थे। रात करीब 11 बजे उन्हें डिजिटल अरेस्ट से मुक्त करा लिया गया।

ठगों ने जाल में ऐसे फांसा
आपके आधार कार्ड की जांच सीबीआई कर रही... फोन मत काटना, 72 घंटे के लिए होटल ले लो
होटल में अधिकारियों के समझाने के बाद डॉ. हसन ने बताया कि शनिवार शाम करीब चार बजे जब वह क्लीनिक में थे तो उनके पास नए नंबर से फोन आया। थोड़ी ही देर में कॉल वीडियो कॉल में बदल गई और दूसरी ओर पुलिस की वर्दी में एक अधिकारी बैठा दिखा। उसने कहा कि उनके आधार कार्ड को नरेश गोयल और उसके पार्टनर ने मुंबई में हवाला कारोबार के लिए इस्तेमाल किया है।
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इसकी जांच आरबीआई और सीबीआई कर रही है। कहा कि अगर फंसना नहीं चाहते हो तो तत्काल पासबुक व अन्य कागज लेकर तीन दिन के लिए किसी होटल में शिफ्ट हो जाओ। फोन मत काटना, तुम्हारे घर के पास सीबीआई पहुंच चुकी है। वह तुम पर नजर रख रही है। किसी को बताना नहीं और जो कह रहा हूं, उसे मानो। अमर उजाला ब्यूरो
 
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