कस्बा बरखेड़ा में तीन तलाक का एक मामला सामने आया है। आरोप है कि शादी के 13 साल बाद विवाहिता से दहेज में बाइक और एक लाख रुपये की मांग की गई। मायके वालों ने मांग पूरी करने में असमर्थता जताई तो ससुरालवालों ने विवाहिता से मारपीट की। इसके बाद पति ने तीन तलाक देकर उसे घर से निकाल दिया। विवाहिता अपने मायके जाकर रहने लगी। एसपी के आदेश पर रविवार को बरखेड़ा पुलिस ने मामले में पति समेत ससुराल पक्ष के पांच लोगों के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज की है।
अमरिया थानाक्षेत्र के उदयपुर गांव की निवासी फरहा ने दर्ज कराई गई रिपोर्ट में बताया कि उसकी शादी 13 साल पहले कस्बा बरखेड़ा के वार्ड नंबर नौ निवासी शमशुल हसन से हुई थी। उसके पांच बच्चे हैं। शादी के बाद से ही ससुराल वाले उसको कम दहेज लाने की बात कहकर ताना मारते थे। आए दिन उसे परेशान किया जाने लगा। गृहस्थी बचाने की खातिर वह प्रताड़ना सहती रही। बीते दिनों ससुराल वालों ने एक लाख रुपये और बाइक की मांग शुरू कर दी।
इसको पूरा करने में उसके मायके वालों ने असमर्थता जताई तो ससुराल वाले मारपीट पर उतारू हो गए। आरोप है कि 25 अप्रैल, 2019 को ससुराल वालों ने इसी बात पर उसे पीटा। यही नहीं, पति ने एक बार में उसे तीन तलाक दे दिया और घर से निकाल दिया। पीड़ित अपने मायके पहुंची और पूरी बात बताई। इस पर रिश्तेदारों ने पति से बातचीत की, लेकिन पति ने एक न सुनी। इस पर पीड़ित ने एसपी को दुखड़ा सुनाया। इंस्पेक्टर बरखेड़ा एसके उपाध्याय ने बताया कि एसपी के आदेश पर पति शमशुल हसन, सास किश्वरी, ननद मोवीन, नंदोई रईसउउद्दीन, ससुर बाबू खल्लिया के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है।
फरहा के मौसा बोले- आला हजरत तक ले गए मामला, नहीं हुई सुनवाई
फरहा के मौसा गांव भिखारीपुर निवासी मोहम्मद इशहाक के मुताबिक फरहा को दिए गए तीन तलाक का मामला बरेली में आला हजरत दरगाह तक पहुंचा था, लेकिन वहां पर भी कोई सुनवाई नहीं हो सकी थी। उन्होंने बताया कि फरहा के पिता की मौत हो चुकी है। उसके दो छोटे भाई दिलशाद और सोनू हैं। ससुराल वालों ने दहेज की मांग पूरी न होने पर उसके साथ मारपीट की और पति ने तीन तलाक दे दिया। इसकी शिकायत लेकर वह आला हजरत दरगाह गए थे, लेकिन कोई हल नहीं निकला।
एसपी मनोज कुमार सोनकर ने बताया कि, विवाहिता से मिली शिकायत के आधार पर बरखेड़ा थाने में रिपोर्ट दर्ज की गई है। पूरे मामले की गंभीरता से जांच कराई जाएगी। इसमें जो भी तथ्य निकलकर सामने आएंगे, उन्हीं के आधार पर निष्पक्ष कार्रवाई की जाएगी।