डीजी, डीएम और एसएसपी ने लिया सुरक्षा बंदोबस्तों का जायजा
बरेली। कोरोना संक्रमण के डर से जिले भर में ईदगाहों पर पुलिस का पहरा रहा। मस्जिदों में भी बाहर से ताले लगे रहे। इमाम और गिनती के खादिमों ने ही मस्जिदों में नमाज पढ़ी। बाकी लोगों ने घरों में ही ईद की नमाज पढ़ी। गले मिलकर ईद की मुबारक देने के बजाय दूर से ही मुबारकबाद दी। मस्जिदों और घनी आबादी वाले मोहल्लों में पुलिस तैनात रही। एडीजी, डीएम, एसएसपी आदि अफसरों ने हालात का जायजा लिया।
ईद इस बार कोरोना के खौफ के बीच मनाई गई। सुबह से ही ईदगाह पर पुलिस का पहरा रहा। यहां किसी को भी नमाज पढ़ने की अनुमति नहीं थी। मस्जिदों में भी तालाबंदी रही। अंदर इमाम और चंद खादिमों ने नमाज पढ़ी। लोगों ने घरों में नमाज अदा की और पकवानों का आनंद लिया। आसपास के लोगों को उनके घर जाकर ईद की मुबारकबाद दी। गले मिलने से परहेज किया। पुराना शहर के रास्तों पर रौनक रही। गलियों में सोशल डिस्टेंसिंग का मखौल उड़ता दिखा। कई नौजवानों ने बाइक पर स्टंट किए, लेकिन पुलिस ने इसे नजरअंदाज किया।
ईद के दिन भी खुले बाजार पर रौनक रही गायब
ईद के दिन भी श्यामगंज बाजार में दुकानें खुलीं, लेकिन भीड़ ज्यादा नहीं रही। इंदिरा मार्केट में कपड़े की दुकानें खुली थीं पर ग्राहक नहीं थे। अब यह मार्केट बुध और शनिवार को खुलेगा। सैलानी बाजार में भी कई दुकानें खोली गईं। यहां सुबह-शाम दुकानों में खरीदारों की भीड़ रही। फड़ और ठेले लगाकर भी लोगों ने सामान बेचा, जहां सोशल डिस्टेंसिंग का कोई पालन नहीं किया गया।
सैलानी में नहीं लगा ईद मेला, मायूस लौटे बच्चे
- ईद के दिन सैलानी में रौनक रही पर इस बार ईद का मेला नहीं लगा। बच्चे मेले के चक्कर में घर से निकले, लेकिन मायूस होकर लौट गए। बाकरगंज ईदगाह के पास भी इस बार मेला नहीं लगा। घरों में छोटे बच्चे मेले में जाने के लिए मचलते नजर आए।
आला हजरत दरगाह पहुंचे लोग, हाथ जोड़कर किया वापस
सुबह के वक्त नमाज पढ़ने के लिए आसपास के तमाम लोग आला हजरत दरगाह स्थित मस्जिद पहुंचने लगे। बाहर ही कोतवाली पुलिस और पीएसी तैनात थी। बिहारीपुर चौकी प्रभारी देवेंद्र सिंह ने उन्हें मस्जिद बंद होने के बारे में बताकर घर जाने को कहा तो इनमें से कुछ लोग झगड़े पर उतारू हो गए। इसके बाद देवेंद्र सिंह ने हाथ जोड़कर उन्हें समझाया। कहा- कोरोना के खतरे को देखते हुए मुस्लिम धर्मगुरुओं की सहमति से अफसरों ने यह फैसला लिया है, इसमें सहयोग दें। तब अधिकांश लोगों ने उनकी बात पर सहमति जताई और लौट गए। दरगाह की मस्जिद में केवल आला हजरत खानदान से जुड़े चुनिंदा लोगों ने ही नमाज पढ़ी।
सुबह से राउंड पर निकले कप्तान, स्थिति का लिया जायजा
ईद की नमाज जिले में सकुशल संपन्न कराने के लिए एसएसपी शैलेश पांडेय सुबह ही भ्रमण पर निकल लिए। उन्होंने ईदगाह से लेकर जामा मस्जिद और शहर की अन्य प्रमुख मस्जिदों का जायजा लिया। ईदगाह पर सीओ टू सीमा यादव से स्थिति के बारे में पूछा। सीओ ने बताया कि उन्होंने कमेटी के लोगों से बात कर ली है। ईदगाह पर कोई नमाज नहीं पढ़ेगा। जनता का प्रवेश भी बंद किया गया है।
ईद मिलने निकले लोग, गलियों में लगाया मजमा
मुस्लिम समुदाय के अधिकांश लोगों ने घर में ही परिवार के साथ ईऊ मनाई, लेकिन कई लोग नए कपड़े पहनकर ईद मिलने निकल पड़े। ऐसे लोगों से पुराना शहर की कई गलियों में मजमा लग गया। इन लोगों ने सामाजिक दूरी के नियम का कोई पालन नहीं किया। कई लोगों ने घरों में पार्टी की। कारों और बाइकों से लोग निकले तो चौपुला पर जाम की नौबत आ गई।
बाइकों पर किए स्टंट, कारों में भी हुल्लड़ काटा
ईद पर कई इलाकों में जमकर हुड़दंग हुआ। नमाज के बाद से ही बाइकों और कारों में लोग घूमते नजर आने लगे। सेटेलाइट रोड पर बाइकों पर तीन-तीन और कार में पांच लोग तक बैठे नजर आए। इनमें अधिकतर मास्क भी नहीं लगाए थे। सैलानी, मीरा की पैठ, जगतपुर आदि इलाकों में भी लोगों ने जमकर नियमों का उल्लंघन किया। इस दौरान सड़कों पर पुलिस की सख्ती नजर नहीं आई। बाइक पर फर्राटा भर रहे लड़कों को रोकने टोकने के लिए अधिकतर जगहों पर पुलिस तैनात नजर नहीं आई। कई जगह लड़कों ने बाइक पर स्टंट भी किए।